
भारत नहीं, अब रूस और चीन पर फोकस... टैरिफ विवाद के बीच ट्रंप ने खोज निकाले बड़े 'दुश्मन'
AajTak
भारत को महीनों तक रूस का मददगार बताकर उसकी आलोचना करने के बाद, डोनाल्ड ट्रंप को बीजिंग में एक बड़ा विलेन मिल गया है. अपने गुस्से को पूरब की ओर मोड़ते हुए, उन्होंने नई दिल्ली को बख्श दिया है. लेकिन सिर्फ़ इसलिए कि वह रूस के चंगुल में और गहराई तक न फंस जाए.
डोनाल्ड ट्रंप को एक नया विलेन मिल गया है. रूसी तेल खरीदने के लिए भारत की महीनों तक तीखी आलोचना करने और सेकेंडरी टैरिफ लगाकर नई दिल्ली पर हमला करने के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति अब चीन पर निशाना साध रहे हैं. अपने ताजा ट्रुथ सोशल पोस्ट में, ट्रंप ने गरजते हुए कहा कि NATO देशों को रूस से तेल खरीदना बंद करना चाहिए और मॉस्को पर बड़े प्रतिबंध लगाने के लिए एकजुट होना चाहिए. साथ ही उन्होंने बीजिंग पर 50 प्रतिशत से 100 प्रतिशत तक टैरिफ लगाने का भी आह्वान किया.
NATO देशों से मांगी रजामंदी
नाटो सदस्यों और 'दुनिया' को संबोधित एक चिट्ठी में ट्रंप ने ऐलान किया, 'मैं रूस पर बड़े प्रतिबंध लगाने के लिए तैयार हूं, जब सभी नाटो देश सहमत हो जाएं और ऐसा करना शुरू कर दें, और जब सभी नाटो देश रूस से तेल खरीदना बंद कर दें. जैसा कि आप जानते हैं, नाटो की जीत के लिए प्रतिबद्धता 100 प्रतिशत से काफी कम रही है, और कुछ लोगों की ओर से रूसी तेल की खरीद चौंकाने वाली रही है! यह रूस पर आपकी बातचीत की स्थिति और सौदेबाजी की शक्ति को बहुत कमज़ोर करता है.'
ये भी पढ़ें: भारत-चीन और रूस... अगर ये तीनों हो जाएं एकसाथ, तो अमेरिका का क्या होगा?
ट्रंप ने गठबंधन से सामूहिक रूप से काम करने की अपील की और इस बात पर जोर दिया कि अगर नाटो सदस्य प्रतिबंधों पर एकमत हो जाएं तो वह आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं. उन्होंने कहा, 'वैसे भी, जब आप तैयार हों तो मैं भी लिए तैयार हूं. बस यह बताइए कि कब?'
चीन पर भारी टैरिफ लगाने की अपील

इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने दावा किया कि इजरायल ने ईरान के अली लारिजानी और बसीज कमांडर को मार गिराया है. उन्होंने कहा कि इन हमलों का मकसद ईरान की व्यवस्था को कमजोर करना है. नेतन्याहू के अनुसार, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ मिलकर सैन्य सहयोग जारी है और आगे भी कई बड़ी योजनाएं तैयार हैं.

आज ममता ने ऐलान किया कि, वो नंदीग्राम से नहीं बल्कि भवानीपुर से ही चुनाव लड़ेंगी. यानी एक बार फिर ममता vs शुभेंदु का राउंड 2 देखने को मिलेगा. इधर, ममता बनर्जी बड़े स्तर पर अधिकारियों के तबादले को लेकर लेकर बेहद खफा हैं. पहले उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त को चिट्ठी लिखकर तबादलों को चुनाव से प्रेरित बताया और आज तो सीधे सीधे चुनाव आयोग को बीजेपी आयोग करार दे दिया. ममता और टीएमसी लगाकर दावा कर रहीं हैं कि, बीजेपी चुनाव जीतने के लिए चुनाव आयोग का सहारा ले रही है. जबकि, बीजेपी इसे ममता की हताशा बता रही है.

बिहार 5 सीटों के लिए हो रहे राज्यसभा चुनाव में एनडीए ने बंपर जीत हासिल की है. एनडीए ने राज्यसभा की पांचों सीटों पर जीत हासिल करके महागठबंधन को एक और बड़ा झटका दिया है. बिहार से राज्यसभा के लिए 5 सीटों पर चुनाव हुए जिसमें बिहार के सीएम नीतीश कुमार, बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन, उपेंद्र कुशवाहा ने जीत दर्ज की है.

'ईरान से कोई खतरा नहीं था, मैं जंग के खिलाफ...', सीनियर ऑफिसर ने चिट्ठी लिखकर ट्रंप को भेजा इस्तीफा!
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के फैसले पर यूं तो सवाल उठ रहे थे. लेकिन इसका मुखर विरोध पहली बार हुआ है. अमेरिका के काउंटर टेररिज्म सेंटर के डायरेक्टर ने ट्रंप की नीतियों पर तीखी टिप्पणी की है और कहा है कि ईरान से अमेरिका को फिलहाल किसी तरह का खतरा नहीं था.

IRAN-USA-ISRAEL War की वजह से देश में रसोई गैस सिलेंडर की कमी की खबरें देश भर से आ रही हैं. गैस की किल्लत को लेकर आज भोपाल और लखनऊ में प्रदर्शन भी हुए. मुंबई में लोगों के लिए खाने पीने की चीजें महंगी हो गई हैं. इन खबरों के बीच एक अच्छी खबर आ रही है कि गैस टैंकर से भरे दो जहाज आज भारत पहुंचे। देखें वीडियो.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में फंसी है भारत की 3 लाख मीट्रिक टन LPG, सरकार ने बताया जहाजों का 'एग्जिट प्लान'
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में फंसे भारतीय जहाजों को लेकर भारत सरकार के अधिकारियों ने मंगलवार को प्रेस ब्रीफिंग में ताजा अपडेट दिया. शिपिंग मिनिस्ट्री के स्पेशल सेक्रेटरी राजेश कुमार सिन्हा ने बताया कि होर्मुज में अब भी भारतीय ध्वज वाले करीब 22 जहाज फंसे हैं, जिनमें से 6 लिक्विड पेट्रोलियम गैस कैरियर हैं. इन जहाजों की भी होर्मुज से सुरक्षित निकासी के लिए ईरान के साथ बातचीत चल रही है.







