
'भारत अकेला देश जो रूस, यूक्रेन, इजरायल और ईरान... सभी से बात कर सकता है', स्पेन में बोले जयशंकर
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विदेश मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले साल दो बार रूस का दौरा किया और यूक्रेन के कीव भी गए. उन्होंने कहा कि भारत उन कुछ देशों में से एक है जो इजरायल और ईरान से भी बातचीत करने की स्थिति में है. प्रधानमंत्री मोदी क्वाड और ब्रिक्स के सदस्य होने के नाते दोनों ही तरह की बातचीत करने में सक्षम हैं.
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने वैश्विक संघर्षों को समाप्त करने में भारत की भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि भारत उन कुछ देशों में से एक है जो रूस-यूक्रेन और इजरायल-ईरान दोनों के साथ बातचीत करने की स्थिति में है. स्पेन की दो दिवसीय यात्रा पर गए जयशंकर ने सोमवार को भारतीय समुदाय के साथ बातचीत के दौरान ये टिप्पणियां कीं.
'रूस और यूक्रेन दोनों से बात कर सकता है भारत'
विदेश मंत्री का इशारा यूक्रेन और वेस्ट एशिया में चल रहे युद्धों की ओर था, जहां इजरायल ईरान समर्थित हमास से लड़ रहा है. उन्होंने कहा कि आज भारत को वैश्विक संवाद में योगदान देने वाले देश के रूप में देखा जा रहा है. आज बहुत कम देश हैं जो रूस और यूक्रेन से बात करने की स्थिति में हैं.
'पीएम मोदी रूस भी गए और यूक्रेन भी'
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले साल दो बार रूस का दौरा किया और यूक्रेन के कीव भी गए. उन्होंने कहा कि भारत उन कुछ देशों में से एक है जो इजरायल और ईरान से भी बातचीत करने की स्थिति में है. प्रधानमंत्री मोदी क्वाड और ब्रिक्स के सदस्य होने के नाते दोनों ही तरह की बातचीत करने में सक्षम हैं.
उन्होंने कहा, 'यह कुछ ऐसा है जो वास्तव में बहुत ही अनोखा है. यह अनोखा है क्योंकि अगर आप दुनिया को देखें, तो यह एक बहुत ही ध्रुवीकृत दुनिया है.' क्वाड में ऑस्ट्रेलिया, जापान, अमेरिका और भारत शामिल हैं, जबकि ब्रिक्स समूह में अब ब्राजील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इथियोपिया, इंडोनेशिया, ईरान और यूएई इसके सदस्य हैं. 'भारत ने ही अफ्रीकी संघ को जी-20 में शामिल कराया'

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