
बुलंदशहर: B.A. की छात्रा से चलती कार में गैंगरेप, दुष्कर्म के बाद लड़की को हाईवे पर फेंककर भागे आरोपी
AajTak
यूपी के बुलंदशहर में लड़की के दोस्तों ने अपने तीन साथियों के साथ मिलकर रेप की घटना को अंजाम दिया. बताया जा रहा है कि आरोपी ने लिफ्ट देने के बहाने पहले उसे बाइक पर बैठाया फिर कार में बैठने को कहा. लड़की को कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर चारों ने उसके साथ रेप किया. इसके बाद पीड़िता को रास्ते में फेंककर आरोपी फरार हो गए.
उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में गैंगरेप का मामला सामने आया है. यहां पीड़िता के परिचित लड़के ने लिफ्ट देने के बहाने उसे बाइक में बैठाया. फिर कुछ दूरी पर कार में बैठाकर अपने तीन दोस्तों के साथ मिलकर युवती का रेप किया. इसके बाद उसे बीच हाईवे पर फेंककर फरार हो गए. पुलिस ने इस मामले में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
मामला बुलंदशहर के जहांगीराबाद थाना क्षेत्र का है. यहां एक सितबंर को डिग्री कॉलेज में बीए की छात्रा कॉलेज से घर लौट रही थी. इस दौरान लड़की के पुराने सहपाठी ने उसे घर छोड़ने के बहाने बाइक पर बैठाया. फिर थोड़ी दूर जाकर उसे एक कार में बैठाया. उसमें लड़के के तीन साथी पहले से मौजूद थे. इसके बाद आरोपी उसे औरंगाबाद रोड़ की तरफ लेकर गए. जहां बीच रास्ते में उन्होंने कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर लड़की को पिलाया. फिर चारों ने उसके साथ रेप किया और बीच रास्ते पर उसे फेंककर फरार हो गए.
पीड़िता ने परिजनों को बंया किया अपना दर्द
इसके बाद वहां से गुजर रहे लोगों ने पीड़िता को अस्पताल ले जाकर भर्ती कराया और पीड़िता के परिजनों को इसकी जानकारी दी. घरवालों के मौके पर पहुंचने पर पीड़िता ने अपना दर्द बंया कर घटना की जानकारी दी. इसके बाद पीड़िता ने परिजनों के साथ स्थानीय पुलिस थाने जाकर आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई.
तीन सितबंर को पीड़िता ने दर्ज कराई एफआईआर
इस मामले में पुलिस अधिकारी अन्वितका उपाध्याय ने बताया कि बीते शुक्रवार चार लोगों ने पीड़िता के साथ रेप की घटना को अंजाम दिया था. इसके बाद तीन सितबंर को पीड़िता की तरफ से जहांगीराबाद थाना क्षेत्र में एफआईआर दर्ज कराई गई. पुलिस ने इस मामले में शिकायत दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ जांच शुरू कर दी है.

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









