
बिजनौर में चलती कार बनी आग का गोला, ड्राइवर ने ऐसे बचाई अपनी जान...
AajTak
बिजनौर के मीमला मुस्तफाबाद में चलती कार में अचानक से आग लग गई. कार सवार टीचर ने तुरंत उसे पार्क किया और किसी तरह कार से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई. शॉर्ट सर्किट के कारण कार में आग लगी थी.
उत्तर प्रदेश के बिजनौर में चलती कार आग का गोला बन गई. कार ड्राइवर ने किसी तरह कार को पार्क किया. फिर बाहर निकलकर अपनी जान बचाई. घटना नहटौर के मीमला मुस्तफाबाद इलाके का है.
हल्दौर के पैजानिया गांव निवासी संजय कुमार मीमला मुस्तफाबाद के कंपोजिट विद्यालय में शिक्षक हैं. वह अपनी इंडिगो कार से स्कूल आ रहे थे. जब वह मीमला मुस्तफाबाद में पंजाब नेशनल बैंक के सामने पहुंचे तो अचानक से उन्हें कार के अंदर से धुआं उठता दिखा. संजय ने बिना देर किए कार को साइड में पार्क किया और उससे बाहर निकल गए.
तभी अचानक से कार में आग लग गई. देखते ही देखते कार जलकर खाक हो गई. जब कार में आग लगी थी तो उस दौरान कई लोग पास में खड़े थे. लेकिन आग इतनी भीषण थी कि कोई भी उसे बुझाने की हिम्मत न कर सका. जानकारी के मुताबिक, शॉर्ट सर्किट के कारण कार में आग लगी थी.
कार में अचानक लगी आग, जिंदा जले दो दोस्त
इससे पहले नोएडा में कार में अचानक से आग लग गई थी. हादसे में कार में बैठे दो दोस्तों की मौत हो गई. घटना की जानकारी लगते ही मौके पर फायर ब्रिगेड टीम और पुलिस की टीम पहुंची. घटना नोएडा के सेक्टर 113 थाना स्थित अम्रपाली प्लेटिनम समिति के पास की घटी. बताया गया कि नोएडा के थाना सेक्टर-113 नोएडा स्तिथ आम्रपाली प्लेटिनम सोसायटी सेक्टर-119 में स्विफ्ट कार में आग लगने की सूचना पर पुलिस को मिली थी. तत्काल ही फायर ब्रिगेड को घटना की जानकारी दी गई. मौके पर पहुंची फायर बिग्रेड ने कार में लगी आग को बुझाया. इसके बाद पुलिस को कार में दो लोगों के शव मिले. कार में लगी आग में दोनों बुरी तरह से जल गए और उनकी मौत हो गई. इसके बाद मौके पर फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया.

आज सबसे पहले आपको ये बताएंगे कि हाफ सीजफायर' के बाद अमेरिका की बातचीत ईरान के किस Respected Leader से चल रही है. डोनाल्ड ट्रंप बार-बार इस बात का दावा कर रहे हैं. लेकिन आज ईरान ने पूछा है कि वो Respected Leader कौन है. और Respected Leader से बातचीत चल रही है तो पाकिस्तान के जरिये 15 शर्तों का प्रस्ताव क्यों भेजा है. उससे भी बड़ी बात ये है कि ईरान ने अमेरिका के प्रस्ताव को कूड़ेदान में फेंकते हुए सुपर पावर अमेरिका को अपनी शर्तें बता दी हैं. और कहा है कि सीजफायर छोड़ो, अब ईरान तभी रुकेगा जब अमेरिका उसकी 5 शर्तें मानेगा. इन शर्तों में ईरान ने कहा कि उसे युद्ध में हुए नुकसान का पूरा हर्जाना मिलना चाहिए. ईरान की टॉप लीडरशिप पर हमले बंद होने चाहिए, सारे प्रतिबंध हटाए जाने चाहिए. ईरान को स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज का कानूनी अधिकार मिलना चाहिए.

आज विशेष में बात इजरायल की. जहां ईरान के हमलों की इंटेंसिटी बढ़ी हुई है. ईरान लगातार इजरायल पर मिसाइल और ड्रोन से अटैक कर रहा है. लेकिन इजरायल ने अपना सिस्टम ही ऐसा डेवेलप किया हुआ है कि ईरान के भीषण हमलों के बाद भी इजरायल में इतना नुकसान नहीं हो रहा है. भले ही ईरान के हमलों में इमारतें तबाह हो रही हों, गाड़ियों की क्षति हो रही हो. लेकिन लोगों की जान बची हुई है. इजरायल ने कैसे ईरान के हमलों से बचने की तैयारी की हुई है.

सीजेआई सूर्यकांत एक मामले की सुनवाई के दौरान उस वक्त नाराज हो गए, जब याचिकाकर्ता निखिल कुमार पुनिया के पिता ने CJI के भाई को फोन कर दिया. मामला बौद्ध धर्म अपनाकर अल्पसंख्यक आरक्षण मांगने से जुड़ा है. सुप्रीम कोर्ट पहले ही इसे 'नए तरह का धोखा' बताते हुए जांच के आदेश दे चुका है. सीजेआई ने इसे गंभीर कदाचार मानते हुए अवमानना की चेतावनी दी.










