
फ्रांस और जर्मनी की तरह ट्रक से लोगों को रौंदना चाहता था लादेन को आदर्श मानने वाला सद्दाम, फोन से मिले खौफनाक वीडियो
AajTak
उत्तर प्रदेश एटीएस ने 2 जुलाई को लखनऊ से संदिग्ध आतंकी सद्दाम शेख को गिरफ्तार किया था. एटीएस की पूछताछ में सद्दाम ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं. वह ट्रक से फ्रांस और जर्मनी में हुए हमले की तरह ही अटैक करने की योजना बना रहा था.
ओसामा बिन लादेन और ज़ाकिर मूसा को अपना आदर्श मानने वाले सद्दाम शेख ने एटीएस की पूछताछ में बड़ा खुलासा किया है. शेख ने बताया कि ह फ्रांस और जर्मनी की तरह ट्रक से भीड़भाड़ वाले इलाके में हमला करना चाहता था. सद्दाम शेख के मोबाइल से फ्रांस और जर्मनी में हुए ट्रक से लोगों को रौंदने के कई वीडियो मिले हैं. यूपी एटीसए सद्दाम शेख को रिमांड में लेकर लगातार पूछताछ कर रही है.
लगातार देखता था वीडियो
सद्दाम शेख रोजाना ट्रक से कैसे हमला किया जाए इसके वीडियो देखता था.यूपी एटीएस ने सद्दाम शेख के मोबाइल से फ्रांस और जर्मनी में हुए भीड़भाड़ इलाके में लोगों के रौंदने की घटना का वीडियो रिकवर किया है. गोंडा का रहने वाला सद्दाम शेख मूलत कर्नाटक के बेंगलुरु की कंपनी में ट्रक ड्राइवर है. अपने इसी ट्रक से वह भीड़भाड़ वाले इलाके में लोगों को रौंद कर मार डालने की प्लानिंग में था. यूपी एटीएस ने बीती 2 जुलाई को सद्दाम शेख को गिरफ्तार किया था. सद्दाम शेख से 14 दिन की पुलिस कस्टडी रिमांड के दौरान पूछताछ की जा रही है.
एटीएस को मिला था इनपुट
गौरतलब है कि एटीएस को इनपुट मिला था कि जम्मू-कश्मीर निवासी एक संदिग्ध यूपी में रह रहा है. वो आतंकी संगठनों से जुड़ा हुआ है और देश विरोधी साजिशों में में शामिल है. इस पर उसे एटीएस मुख्यालय लाया गया. यहां उसने सोशल मीडिया पर किए गए रेडिकल पोस्ट की बात स्वीकार की. साथ ही कहा कि वो आतंकी बनना चाहता है. उसने ये भी कहा कि जिहाद की राह पर जाने के लिए वो अपनी बारी का इंतजार कर रहा था. उसका ये कुबूलनामा उसके खौफनाक मंसूबों को दर्शाता है .
बीबी ने किया था ये खुलासा

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









