
'पति है या बच्चा...' डिलीवरी से पहले प्रेग्नेंट महिला ने पति के लिए किया महीनेभर का इंतजाम
AajTak
महिला ने एक साथ ढेर सारा खाना इसलिए बनाया क्योंकि वो डिलीवरी के बाद रिकवरी के लिए अपने माता पिता के घर रहने जाने वाली थी. महिला को इस बात की चिंता थी कि पति ठीक से खाना नहीं खाएगा.
एक शख्स की सोशल मीडिया पर खूब आलोचना हो रही है. उसकी पत्नी प्रेग्नेंट थी और 9वां महीना चल रहा था. वो डिलीवरी के बाद घर के काम नहीं कर पाती, इसलिए उसने महीने भर का खाना उससे पहले ही बनवा लिया. महिला ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर बताया कि उसकी डिलीवरी डेट 21 मई थी. इसलिए उसने पहले ही पति के लिए खाने का इंतजाम कर दिया. साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, ये मामला जापान का है.
महिला ने एक साथ ढेर सारा खाना इसलिए बनाया क्योंकि वो डिलीवरी के बाद रिकवरी के लिए अपने माता पिता के घर रहने जाने वाली थी. महिला को इस बात की चिंता थी कि पति ठीक से खाना नहीं खाएगा. इसी वजह से उसने एक बार में ही महीने भर का खाना बनाकर फ्रीजर में रख दिया. इस मामले पर सोशल मीडिया यूजर्स ने खूब रिएक्ट किया. अधिकतर लोगों ने महिला के पति की जमकर आलोचना की. लोगों ने कहा कि क्या वो घर के मामूली काम भी नहीं कर सकता. कुछ लोगों ने महिला की भी आलोचना की कि वो अपने पति को अधिक लाड़ प्यार कर रही है. उसके साथ बच्चे जैसा व्यवहार कर रही है.
एक यूजर ने लिखा, 'किस तरह का पति अपनी प्रेग्नेंट पत्नी को एक महीने का डिनर तैयार करने की अनुमति देता है? क्या वो घर पर कुछ नहीं करता? क्या ये सिर्फ उसे बिगाड़ना नहीं है?'
एक अन्य यूजर ने कहा, 'यह जापानी महिला अजीब है. वो गर्भवती है और अपने पति की नौकरानी के रूप में काम कर रही है. शादी से पहले उसका पति कैसे खाता था?' कुछ लोगों ने कहा कि कैसे ऐसी पत्नियां उस संस्कृति को बढ़ावा दे रही हैं, जो ठीक नहीं है. घर के काम करने में जो पुरुष सक्षम नहीं हैं, उनका हौसला बढ़ा रही हैं. हालांकि, हर किसी ने इसे एक समस्या के रूप में नहीं देखा. कुछ ने ये कहते हुए भी महिला की सराहना की कि वो अपने पति की कितनी देखभाल करती है.

सैकड़ों साल पहले तबाह हो चुके एक रोमन शहर की दीवार पर करीब 2000 साल पुराने लव लेटर्स लिखे हुए मिले हैं. यह खोज आज की उन्नत और आधुनिक तकनीक का नतीजा है. क्योंकि, जिस दीवार पर ये ग्रैफिटी बने थे, वो काफी पहले खुदाई में मिल गए थे, लेकिन उन पर उकेरे गए भित्तिचित्रों को समझना मुश्किल था. अब जाकर पुरातत्वविदों को इसका मतलब पता चला है.

Shani Nakshatra Gochar 2026: शनि जब रेवती नक्षत्र में प्रवेश करते हैं, तो इसका प्रभाव धीरे-धीरे लेकिन गहराई से देखने को मिलता है. रेवती नक्षत्र मीन राशि का अंतिम नक्षत्र माना जाता है और इसका स्वामी बुध ग्रह है. इसलिए इस अवधि में सोच-समझ, योजना, संवाद और निर्णय क्षमता से जुड़े मामलों में खास बदलाव दिखाई दे सकते हैं.

Aaj 20 February 2026 का पंचांग (Aaj ka Panchang): 20 फरवरी 2026, दिन- शुक्रवार, फाल्गुन मास, शुक्ल पक्ष, तृतीया तिथि 14.38 बजे तक फिर चतुर्थी तिथि, उत्तर भाद्रपद नक्षत्र 20.07 बजे तक रेवती नक्षत्र, चंद्रमा- मीन में, सूर्य- कुंभ में, अभिजित मुहूर्त- दोपहर 12.12 बजे से दोपहर 12.58 बजे तक, राहुकाल- सुबह 11.10 बजे से दोपहर 12.35 बजे तक, दिशा शूल- पश्चिम.










