
नियमित सैनिकों को कौन सी सुविधाएं मिलती हैं, जो अग्निवीरों के लिए नहीं? जानिए, किन्हें मिलता है क्या फायदा
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विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि अग्निवीर अजय कुमार के परिवार को मुआवजा नहीं मिला. आर्मी से लेकर सरकार ने इससे इनकार करते हुए बताया कि परिवार को कितनी राशि मिल चुकी है. विवादों के बीच जानिए- ऑपरेशन, या ड्यूटी पर रहते हुए अग्निवीर की मौत हो जाए तो परिवार को क्या मिलता है? यह नियमित सैनिकों से कितना अलग है?
अग्निवीर पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा. नेता प्रतिपक्ष और केंद्र के बीच जुबानी जंग छिड़ी हुई है. विपक्ष का कहना है कि अग्निवीरों को पूरा मुआवजा नहीं मिल रहा. वहीं सेंटर इसका विरोध करते हुए बयान जारी कर चुका कि अग्निवीर अजय कुमार के संबंधियों को कितने पैसे दिए जा चुके. जानिए, ड्यूटी पर रहते हुए मौत के दौरान अग्निवीरों को क्या कंपंसेशन मिलता है, और नियमित सेना से यह कैसे अलग है.
दोनों की हैं श्रेणियां
सामान्य सैनिकों और अग्निवीरों, दोनों को ही कुछ कैटेगरीज में बांटा गया है. नौकरी के दौरान जान गंवाने वाला सैनिक ए से लेकर ई तक पांच श्रेणियों में हैं. वहीं अग्निवीर को एक्स, वाय और जेड में रखा गया. देखिए- दोनों की तुलना. - कैटेगरी ए यानी सैनिक और कैटेगरी एक्स यानी अग्निवीर में वो कैजुएलिटी आती है, जो सैन्य सेवा के कारण नहीं होतीं. यानी आर्मी सर्विस की बजाए अन्य वजहों से मौत. - बी और सी कैटेगरी में सैन्य सर्विस के कारण होने वाली मौतें शामिल हैं. अग्निवीरों के लिए वाय कैटेगरी भी यही है. - सामान्य सैनिकों के लिए डी और ई में हिंसा, कुदरती आपदा, दुश्मन पर कार्रवाई, बॉर्डर पर हिंसक झड़प और जंग शामिल हैं. अग्निवीरों की जेड श्रेणी भी यही है.
इंश्योरेंस कितना सामान्य सैनिकों के आर्मी ग्रुप इंश्योरेंस फंड में केंद्र सरकार हर महीने पांच हजार रुपयों का योगदान देती है. साथ ही बैंक भी उनका 50 लाख रुपये का बीमा करते हैं. वहीं, अग्निवीर का 48 लाख रुपये का बीमा है, लेकिन इस सुविधा के लिए प्रीमियम का भुगतान सरकार की तरफ से होता है. किसी ऑपरेशन के दौरान मौत होने पर दोनों ही के परिवारों को ये रकम मिल जाती है. डिफेंस फोर्स ने इसके लिए बैंकों के साथ करार किया हुआ है. सामान्य सैनिक और अग्निवीर दोनों का ही इंश्योरेंस बैंक करते हैं. इंश्योरेंस अमाउंट बैंक पॉलिसी के अनुसार अलग-अलग हो सकता है.
इतनी मिलती है अनुग्रह राशि ड्यूटी के दौरान जान गंवाने वाले अग्निवीरों को अनुग्रह राशि के तौर पर 44 लाख मिलते हैं. रेगुलर सैनिकों के लिए ये अनुग्रह राशि 25 लाख से लेकर 45 लाख तक भी हो सकती है. ये रकम इसपर निर्भर है कि कैजुअलिटी किस तरह की थी. राज्यों की बात करें तो कई स्टेट देश के लिए जान गंवाने वाले या घायल सैनिकों को लाखों से लेकर एक करोड़ तक अनुग्रह राशि देते हैं. ये दोनों ही तरह के सैनिकों के लिए हो सकता है.

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