
'देशभर ने कांग्रेस की चड्डी हटा दी': कर्नाटक से BJP सांसद रमेश जिगाजिनागी
AajTak
BJP सांसद रमेश जिगाजिनागी ने कहा कि देशभर के लोगों ने कांग्रेस की चड्डी हटा दी है, इसी तरह कर्नाटक के लोग भी आगामी चुनाव में कांग्रेस की चड्डी हटा देंगे.
कर्नाटक में चड्डी विवाद की वजह से बीजेपी बनाम कांग्रेस में बयानबाजी तेज हो गई है. जबसे शिक्षा मंत्री बीसी नागेश के घर के बाहर खाकी निकर (शॉर्ट्स) जलाकर प्रदर्शन किया गया है, बीजेपी लगातार हमलावर है. अब बीजेपी के सांसद रमेश जिगाजिनागी का बयान आया है. उन्होंने कहा कि भारत के लोगों ने कांग्रेस की चड्डी हटा दी है.
रमेश जिगाजिनागी ने कहा कि देशभर के लोगों ने कांग्रेस की चड्डी हटा दी है, इसी तरह कर्नाटक के लोग भी आगामी चुनाव में कांग्रेस की चड्डी हटा देंगे. यही कारण है कि कांग्रेस नेता बार-बार चड्डी के बारे में बात कर रहे हैं. आपको केवल चड्डी क्यों दिखाई देती है? है ना? कुछ और देखें.
मंत्री के घर के बाहर प्रदर्शन के बाद बढ़ा विवाद
दरअसल, कर्नाटक में स्कूली पाठ्यपुस्तकों के कथित ‘भगवाकरण’ को लेकर कांग्रेस विरोध कर रही है. एक दिन पहले कांग्रेस की छात्र इकाई नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (NSUI) ने कर्नाटक सरकार में मंत्री बीसी नागेश के आवास के बाहर प्रदर्शन किया. उनकी तरफ से खाकी निकर (शॉर्ट्स) जलाकर मंत्री के खिलाफ प्रदर्शन किया गया.
कांग्रेस चीप स्टंट पर उतर आई है: मंत्री
वहीं, शिक्षा मंत्री का कहना है कि NSUI के कुछ कार्यकर्ता उनके घर में घुस गए थे. उन्होंने वहां पर एक कपड़े में आग भी लगा दी. ये सब उस समय किया गया जब घर में उनका बेटा अकेले था. बीसी नागेश ने कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि चड्डी जलाने जैसे चीप स्टंट पर कांग्रेस उतर आई है.

झारखंड के लातेहार जिले के भैंसादोन गांव में ग्रामीणों ने एलएलसी कंपनी के अधिकारियों और कर्मियों को बंधक बना लिया. ग्रामीणों का आरोप था कि कंपनी बिना ग्राम सभा की अनुमति गांव में आकर लोगों को ठगने और जमीन हड़पने की कोशिश कर रही थी. पुलिस के हस्तक्षेप के बाद लगभग दो घंटे में अधिकारी सुरक्षित गांव से बाहर निकल सके.

दिल्ली के सदर बाजार में गोरखीमल धनपत राय की दुकान की रस्सी आज़ादी के बाद से ध्वजारोहण में निरंतर उपयोग की जाती है. प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल के बाद यह रस्सी नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाने लगी. इस रस्सी को सेना पूरी सम्मान के साथ लेने आती है, जो इसकी ऐतिहासिक और भावनात्मक महत्ता को दर्शाता है. सदर बाजार की यह रस्सी भारत के स्वाधीनता संग्राम और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बनी हुई है. देखिए रिपोर्ट.

संभल में दंगा मामले के बाद सीजेएम के तबादले को लेकर विवाद शुरू हो गया है. पुलिस के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए गए थे लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की. इस पर सीजेएम का अचानक तबादला हुआ और वकील प्रदर्शन कर रहे हैं. समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और AIMIM ने न्यायपालिका पर दबाव बनाने का आरोप लगाया है. इस विवाद में राजनीतिक सियासत भी जुड़ी है. हाई कोर्ट के आदेशानुसार जजों के ट्रांसफर होते हैं लेकिन इस बार बहस हुई कि क्या यहां राज्य सरकार ने हस्तक्षेप किया.

दावोस में भारत वैश्विक आर्थिक चुनौतियों का सामना करने और एक बेहतर भविष्य बनाने के लिए पूरी तैयारी कर रहा है. इस संदर्भ में सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव से खास बातचीत की गई जिसमें उन्होंने बताया कि AI को लेकर भारत की क्या योजना और दृष्टिकोण है. भारत ने तकनीकी विकास तथा नवाचार में तेजी लाई है ताकि वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे रह सके. देखिए.

महाराष्ट्र के स्थानीय निकाय चुनावों के बाद ठाणे जिले के मुंब्रा क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं. एमआईएम के टिकट पर साढ़े पांच हजार से अधिक वोट के अंतर से जीत हासिल करने वाली सहर शेख एक बयान की वजह से चर्चा में हैं. जैसे ही उनका बयान विवादास्पद हुआ, उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका बयान धार्मिक राजनीति से जुड़ा नहीं था. सहर शेख ने यह भी कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है और वे उस तरह की राजनीति का समर्थन नहीं करतीं.

नोएडा के सेक्टर 150 में इंजीनियर युवराज मेहता की दर्दनाक मौत के बाद योगी सरकार ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है. हादसे के जिम्मेदार बिल्डर अभय कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि नोएडा अथॉरिटी के अधिकारियों पर भी गाज गिरी है. प्रशासन ने अब भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए पुख्ता इंतजाम शुरू कर दिए हैं.







