
झारखंड: गंगा में डगमगाया जहाज, पांच ट्रक डूबे,10 लोग लापता
AajTak
साहिबगंज और मनिहारी के बीच गंगा नदी में चलने वाले मालवाहक जहाज में हुई दुर्घटना में 10 लोग लापता बताए जा रहे हैं. NDRF की टीम मौके पर मौजूद है और लापता लोगों की तलाश में जुटी है. वहीं इस जहाज में रखे 14 स्टोन लोड ट्रकों में से 5 गंगा में समा गए हैं.
झारखंड के साहिबगंज और बिहार के कटिहार जिले के मनिहारी घाट के बीच गंगा नदी में एक मालवाहक जहाज का संतुलन बिगड़ जाने से बड़ा हादसा हो गया. इस दुर्घटना में 10 लोग लापता हो गए हैं. जिनकी तलाश की जा रही है. जहाज पर 14 स्टोन लोड ट्रक थे. इसके साथ ही ट्रकों के ड्राइवर और खलासी भी सवार थे. जहाज साहिबगंज से बिहार के कटिहार जिले के मनिहारी घाट की तरफ जा रहा था.
गंगा में जहाज अनियंत्रित हो गया. पांच ट्रक जहाज से गंगा में गिर गए. जबकि नौ ट्रक जहाज पर ही पलट गए. साहिबगंज के उपायुक्त रामनिवास यादव ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा कि गुरुवार की शाम 4:30 बजे मालवाहक जहाज साहिबगंज से बिहार के मनिहारी के लिए रवाना हुआ था. इसी बीच गंगा नदी में जहाज में तकनीकी खराबी आ गई. जिसके बाद इसे ठीक करने में समय लग गया.
ट्रक का टायर फटने से अनियंत्रित हुआ जहाज फिर जब यह ठीक हुआ तो जहाज में ही रखे एक ट्रक का टायर फट गया. इससे जहाज असंतुलित हो गया और लगातार पांच ट्रक गंगा में समा गए. वहीं जहाज में सवार 10 लोग लापता हैं.
NDRF की टीम मौके पर मौजूद सूचना मिलने के बाद साहिबगंज प्रशासन राहत और बचाव के काम जुटा है. उपायुक्त रामनिवास यादव ने घटनास्थल का जायजा लिया. उन्होंने बताया कि डूबे हुए ट्रकों एवं लापता लोगों को खोजने के लिए एनडीआरएफ की टीम को बुलाया गया है. वहीं, जहाज में गिरे 9 ट्रकों को सही जगह पहुंचा दिया गया है.

आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









