
चौधरी देवीलाल की विरासत, जाट पॉलिटिक्स, पर विवाद पर विवाद..., ऐसी रही ओम प्रकाश चौटाला की पूरी पॉलिटिक्स
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ओम प्रकाश चौटाला ने शुक्रवार को गुरुग्राम स्थित आवास पर अंतिम सांस ली. शिक्षक भर्ती घोटाले में ओम प्रकाश ने सजा काटी और फिर राजनीति में सक्रिय हो गए थे. उन्होंने आखिरी बार 2005 में रोड़ी विधानसभा से चुनाव लड़ा था.
हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओम प्रकाश चौटाला नहीं रहे. वे 89 साल के थे. ओम प्रकाश पांच बार हरियाणा के मुख्यमंत्री रहे और इंडियन नेशनल लोकदल के प्रमुख थे. हरियाणा की राजनीति में चौटाला फैमिली का खासा दबदबा रहा है. विधानसभा चुनाव से ठीक से पहले ओम प्रकाश चौटाला ने दावा किया था कि वे पूरी तरह स्वस्थ हैं और अब वो 115 साल तक जीवन व्यतीत करने वाले हैं. हालांकि, कुदरत ने किस्मत में यहीं तक का सफर तय करके रखा था.
ओम प्रकाश चौटाला ने शुक्रवार को गुरुग्राम स्थित आवास पर अंतिम सांस ली. शिक्षक भर्ती घोटाले में ओम प्रकाश ने सजा काटी और फिर राजनीति में सक्रिय हो गए थे. उन्होंने आखिरी बार 2005 में रोड़ी विधानसभा से चुनाव लड़ा था. चौटाला परिवार मूल रूप से हिसार का रहने वाला है और ये इलाका जाटों का गढ़ माना जाता है. हरियाणा की राजनीति में जाट समुदाय का अच्छा खासा प्रभाव है. राज्य में करीब 26 से 28 फीसदी आबादी है और 36 विधानसभाओं में प्रभाव है.
ओम प्रकाश, हरियाणा के दिग्गज नेता रहे चौधरी देवीलाल के बेटे थे. देवीलाल देश के डिप्टी पीएम भी रहे हैं. दो बार मुख्यमंत्री भी चुने गए. देवीलाल को ताऊ के नाम से जाना जाता था.
चौटाला फैमिली की हरियाणा की राजनीति में 'धमक'
चौधरी देवीलाल का परिवार हरियाणा की सियासत के केंद्र में रहता है. इस परिवार के सदस्य जननायक जनता पार्टी (JJP), इंडियन नेशनल लोकदल (INLD) से लेकर कांग्रेस और बीजेपी तक का हिस्सा रहे हैं. इस फैमिली से जुड़े सदस्य पार्टियां बदलते रहे, लेकिन कुनबे की चमक और धमक राजनीति के मैदान में धुंधली नहीं पड़ी. हिसार जिले के तेजाखेड़ा गांव में जन्मे देवीलाल 15 साल की उम्र में आजादी की लड़ाई में शामिल हुए थे.
1930 में महात्मा गांधी के आंदोलन में शामिल हुए तो जेल जाना पड़ा. 1938 में वे कांग्रेस का हिस्सा बने. 1942 में 'अंग्रेजो भारत छोड़ो' आंदोलन के दौरान करीब दो साल तक जेल में रहना पड़ा. देवीलाल देश के उपप्रधानमंत्री रहे और दो बार हरियाणा के मुख्यमंत्री बने. उनके बेटे ओमप्रकाश चौटाला भी हरियाणा के मुख्यमंत्री बने. चौथी पीढ़ी से आने वाले दुष्यंत चौटाला डिप्टी सीएम रहे.

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