
गिरफ्तारी के 24 घंटे बाद चंद्रबाबू नायडू की कोर्ट में पेशी, हिरासत में लिए गए पवन कल्याण
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आंध्र प्रदेश की सियासत इन दिनों गरम है. शनिवार को पूर्व सीएम और टीडीपी प्रमुख एन चंद्रबाबू नायडू की गिरफ्तारी से राजनीतिक बयानबाजी और विरोध-प्रदर्शन तेज हो गया है. जांच टीम ने रविवार तड़के नायडू को मेडिकल टेस्ट के बाद कोर्ट में पेश किया है. वहीं, गिरफ्तारी का विरोध करने विजयवाड़ा जा रहे पवन कल्याण को पुलिस ने नजरबंद कर लिया है. उन्हें एहतियातन हिरासत में लिया गया है.
तेलुगू देशम पार्टी (TDP) के अध्यक्ष एन चंद्रबाबू नायडू को कथित भ्रष्टाचार के एक मामले में गिरफ्तार किए जाने के बाद आंध्र प्रदेश में राजनीतिक बवाल देखने को मिल रहा है. रविवार सुबह कड़ी सुरक्षा के बीच नायडू को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की अदालत में पेश किया गया. वहीं, गिरफ्तारी का विरोध कर रहे जनसेना पार्टी प्रमुख पवन कल्याण को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है.
बता दें कि आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री का प्रतिनिधित्व सुप्रीम कोर्ट के वकील सिद्दार्थ लूथरा और अधिवक्ताओं की एक टीम कर रही है. जब नायडू को कोर्ट में पेश किया गया, तब अदालत परिसर में टीडीपी के कई वरिष्ठ नेता और पार्टी कैडर को एकत्रित देखा गया. इससे पहले नायडू को कुंचनपल्ली में सीआईडी की विशेष जांच टीम (एसआईटी) कार्यालय में 10 घंटे की लंबी पूछताछ की गई. उसके बाद बाद सुबह 3:40 बजे उन्हें मेडिकल परीक्षण के लिए विजयवाड़ा के सरकारी जनरल अस्पताल ले जाया गया. लगभग 50 मिनट तक चले परीक्षणों के बाद नायडू को वापस एसआईटी कार्यालय लाया गया. हालांकि यह उम्मीद थी कि उन्हें सीधे स्थानीय अदालत में ले जाया जाएगा.
टीडीपी प्रवक्ता पट्टाभि राम कोमारेड्डी ने बताया कि टीडीपी प्रमुख के बेटे नारा लोकेश, पत्नी नारा भुवनेश्वरी और अन्य लोग एसीबी कोर्ट में इंतजार कर रहे थे. कोमारेड्डी ने कहा, हमने सोचा था कि नायडू को अदालत ले जाया जाएगा. लेकिन वे उसे वापस एसआईटी कार्यालय ले आए. लोकेश और भुवनेश्वरी अदालत में इंतजार कर रहे थे, लेकिन अचानक काफिला एसआईटी कार्यालय की ओर मुड़ गया.
पूर्व CM चंद्रबाबू नायडू आज तड़के गिरफ्तार, करप्शन केस में आंध्र प्रदेश CID का बड़ा एक्शन!
शनिवार तड़के हुई थी नायडू की गिरफ्तारी
बता दें कि नायडू को कथित कौशल विकास निगम घोटाले के सिलसिले में शनिवार को नंदयाला के ज्ञानपुरम में गिरफ्तार किया गया था. सीआईडी ने उन्हें सुबह करीब 6 बजे एक मैरिज हॉल से गिरफ्तार किया, जिसके बाहर उनका काफिला खड़ा था. आरोप है कि इस घोटाले से सरकारी खजाने को 300 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ. मामले में टीडीपी प्रमुख को 'प्रमुख साजिशकर्ता' नामित किया गया है. इस बीच, टीडीपी ने अपने समर्थकों से नायडू की गिरफ्तारी के विरोध में रविवार को प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में एक दिवसीय उपवास में भाग लेने का आह्वान किया है.

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