
इजरायल के खिलाफ ईरान ने क्लस्टर बम का किया इस्तेमाल! रूस और चीन की भूमिका पर क्यों उठे सवाल?
ABP News
Iran Vs Israel: ईरान ने अपने युद्ध पैटर्न में बड़ा बदलाव करते हुए बैलिस्टिक मिसाइल के जरिए इजरायल पर क्लस्टर बम से अटैक किया है. हालांकि, वैश्विक स्तर पर इस बम के इस्तेमाल को लेकर विवाद बना रहा है.
ईरान की तरफ से क्लस्टर बम मिसाइलों का इस्तेमाल करने को लेकर अब रूस और चीन की भूमिका को लेकर बीच जंग में सवाल उठ गए हैं. इजरायल के अधिकारियों का कहना है कि ईरान ने क्लस्टर बम वाली बैलिस्टिक मिसाइलें इजरायल पर दागी हैं. यह मौजूदा युद्ध में पहली बार दर्ज किया है कि इन हथियारों का इस्तेमाल हुआ है. दरअसल, क्लस्टर बम मॉर्डन विस्फोटक हथियारों में सबसे विवादित हथियार माना जाता है. इनकी खासियत होती है कि क्लस्टर बम एक बार में ही दर्जन छोटे बमों को बड़े इलाके में फैला सकते हैं.
रूस और चीन पर क्यों उठ रहे सवालइजरायल के अधिकारियों ने कहना है कि कुछ ईरानी क्लस्टर बम मिसाइल वॉरहेड हवा में छोड़ सकते हैं. यह कई किलोमीटर तक खतरनाक टुकड़ो में तब्दील होकर फैल सकते हैं. सेना के एक्सपर्ट्स ने चेतावनी दी है. उन्होंने कहा कि इन हथियारों से जंग का माहौल बदल जाता है. यह एक जगह विस्फोट करने की बजाय कई इलाके में फैल सकते हैं. इससे आम लोगों के जीवन का खतरा बढ़ जाता है. यह लंबे वक्त तक फटते नहीं है. लेकिन यह लंबे समय तक खतरनाक रह सकते हैं. हालांकि, सवाल है कि यह सिर्फ सैन्य खतरा नहीं है, बल्कि ईरान ने यह कबिलियत कैसे विकसित की, इसका पता लगाना चाहिए. इजरायल ने इसी को लेकर रूस और चीन पर सवाल उठाए हैं. उन्होंने कहा है कि इसमें रूस या चीन सेना का हाथ हो सकता है.
वॉरहेड जमीन पर टकराने से पहले ही फट जाता है, और छोटे-छोटे बम बिखर जाते हैंइजरायल के सैन्य अधिकारियों का कहना है कि ईरान की मिसाइल का वॉरहेड जमीन पर गिरने से पहले चार से सात किलोमीटर पहले ही फट गया. इसमें से करीबन 20 छोटे-छोटे बम (सबम्यूनिशन) गिरे. यह सभी जमीन पर पांच से आठ किलोमीटर तक फैल गए. एक बम तेल अवीव के दक्षिण के अजोर शहर में एक घर पर गिरा. इस टक्कर से बिल्डिंग को नुकसान पहुंचा. हालांकि, किसी जान नहीं गईं.
इसके अलावा क्लस्टर बम ले जा रही ईरान की बैलिस्टिक मिसाइल तेल अवीव के पास गिरी. इसमें कम से कम 12 लोग घायल हो गए. एनबीसी न्यूज रिपोर्ट की मानें तो 28 फरवरी से अबतक ईरानी बैलिस्टिक मिसाइल हमलों में इजरायल में कम से कम 11 लोग मारे गए. इनमें 1 हजार लोग घायल हुए.













