
Zee Digital ने लॉन्च किया प्रोग्रेसिव वेब ऐप, मोबाइल यूजर्स को मिलेंगे ये फायदे
Zee News
Zee डिजिटल ने 9 भाषाओं में नेशनल और रीजनल न्यूज कवर करने वाले 13 ब्रांड्स के लिए प्रोग्रेसिव वेब ऐप्स (PWA) लॉन्च किया है और ऐसा करने वाला देश का पहला मीडिया और एंटरटेनमेंट बिजनेस बन गया है.
कॉन्टेंट के प्रति अपनी तकनीकी दृष्टिकोण को दोहराते हुए Zee डिजिटल ने 9 भाषाओं में नेशनल और रीजनल न्यूज कवर करने वाले 13 ब्रांड्स के लिए प्रोग्रेसिव वेब ऐप्स (PWA) लॉन्च किया है. Zee डिजिटल ऐसा करने वाला देश का पहला मीडिया और एंटरटेनमेंट बिजनेस बन गया है. यह देश में और संभवतः दुनिया भर में सबसे बड़ा PWA लॉन्च है. इस लॉन्च के साथ, ZEE डिजिटल फेसबुक, ट्विटर, अलीबाबा, उबर, लिंक्डइन आदि जैसे विश्व के दिग्गजों में शामिल हो गया, जो बेहतर यूजर एक्सपीरियंस के लिए मोबाइल पर PWA की पेशकश करते हैं. अब भारत के टॉप ब्रॉडकास्ट न्यूज ब्रांड जैसे ZeeNews.com, Zee24Ghanta.com, ZeeHindustan.in, Zee24Kalak.in, 24Taas.com, ZeeRajasthan.com, ZeeBiharJharkhand.com, ZeeUpUk.com और ZeeMpCg.com के यूजर्स को मोबाइल वेब पर PWA एक्सपीरियंस से फायदा मिलेगा. पिछले एक साल में पहले ही इन ब्रांड्स के मंथली एक्विव यूर्जर में 65 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है. अब कंपनी इस लॉन्च के बाद ऑर्गेनिक ट्रैफिक में 200 प्रतिशत वृद्धि का लक्ष्य रख रही है.
Rafale vs J-20 Mighty Dragon: राफेल और चीन के J-20 माइटी ड्रैगन के बीच तुलना में स्टील्थ बनाम सेंसर शक्ति की बहस तेज है. J-20 को रडार से बचने में बढ़त मिल सकती है, जबकि राफेल इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और सेंसर फ्यूजन में मजबूत है. आधुनिक हवाई युद्ध में नेटवर्क, मिसाइल रेंज और रणनीति निर्णायक भूमिका निभाते हैं.

India AI Impact Summit: यह समिट आम लोगों के लिए खुलेगा. इसमें दिखेगा कि AI असल जिंदगी में कैसे काम करता है. यह खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा और डेली के समस्याओं को हल करने में मदद कर सकता है. Expo में 70000 वर्ग मीटर से बड़ा एरिया होगा. जिसमें 30 से अधिक देशों की 300+ कंपनियां अपने AI प्रोडक्ट्स और टेक्नोलॉजी दिखाएंगी. छात्रों के लिए YUVAi और AI for ALL जैसे प्रोग्राम होंगे.

Vibhav Anti-Tank Mines: विभव माइन को खास तौर पर मोबिलिटी किल यानी दुश्मन टैंक को पूरी तरह नष्ट करने के लिए नहीं बनाया गया है. बल्कि उसकी गति रोकने के लिए डिजाइन किया गया है. यह टैंक के ट्रैक, सस्पेंशन या ड्राइव सिस्टम को नुकसान पहुंचाकर उसे वहीं रोक देती है. इससे वह आगे बढ़ने में असमर्थ हो जाता है. इससे आसान निशाना बन जाता है.










