
Virat Kohli: तकनीक, टेंप्रामेंट सब सही, बस किस्मत दे रही है विराट कोहली को ‘धोखा’!
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विराट कोहली की बुरी फॉर्म को अब तीन साल होने को है. कोई शतक नहीं आया है, अब ढंग के स्कोर भी नहीं हो रहे हैं और प्लेइंग-11 में जगह पर सवाल खड़े होने लगे हैं.
कॉमेडियन कपिल शर्मा के एक शो में जब बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान के पिता और राइटर सलीम खान आए, तब उन्होंने क्रिकेट से जुड़ी एक कहावत सुनाई. जो बताती है कि एक क्रिकेटर की ज़िंदगी में तकनीक और टेंप्रामेंट के अलावा किस्मत का कितना अहम रोल होता है. सलीम खान ने किस्सा सुनाया कि मुश्ताक अली जो बड़े क्रिकेटर थे, वो जब मुंबई आते थे तब हमारे पास आते थे. तब एक बार वक्त पर बात चल रही थी कि वक्त क्या होता है. तब मुश्ताक अली ने बताया था कि जब अच्छा वक्त आता है, जहां बॉल पड़ती है वहां आदमी बैट नहीं घुमाता है जहां बैट घुमाता है वहीं बॉल पड़ती है.
टीम इंडिया के पूर्व कप्तान विराट कोहली भी अपने क्रिकेट करियर के उसी दौर से गुज़र रहे हैं, जिसे इस परिभाषा में बुरा वक्त ही माना जाएगा. क्योंकि विराट कोहली पिछले तीन साल से अपने वक्त का इंतज़ार कर रहे हैं. क्रिकेट फैन्स, साथी क्रिकेटर और खुद विराट कोहली भी अब शायद इस उम्मीद में हैं कि कब वह अपने पुराने रंग में लौटेंगे.
हालांकि, अगर विराट कोहली की कुछ पिछली पारियों को देखेंगे तब आपको एक बदलाव नज़र आएगा. जहां कुछ वक्त पहले तक विराट कोहली कुछ बॉल पर बीट होते दिख रहे थे, या कुछ बॉल उनके लिए अनप्लेयल साबित हो रही थीं वो चीज़ अब धीरे-धीरे ही सही लेकिन खत्म होने लगी हैं. टीम इंडिया के मौजूदा इंग्लैंड दौरे पर विराट कोहली के बल्ले से कोई बड़ा स्कोर नहीं निकला है.
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लेकिन उन्होंने अभी तक जितनी भी छोटी-छोटी पारियां खेली हैं और उनमें चुनिंदा शॉट जो खेले हैं वो बताते हैं कि विराट कोहली के पास अभी भी वो दमखम है, जिसके लिए वह पिछले एक दशक से जाने जाते हैं. उदाहरण के लिए विराट कोहली ने जब इंग्लैंड के खिलाफ दूसरे वनडे मैच में टीम इंडिया की पारी के पांचवें ओवर में विराट कोहली ने एक शॉट खेला.
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शुभमन गिल ने भारत में न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे मैचों में जबरदस्त प्रदर्शन किया है. उन्होंने कुल 7 पारियों में गिल ने 578 रन बनाए हैं, जिसमें उनका औसत 115.6 का रहा है, जो उनकी निरंतरता दिखाता है. स्ट्राइक रेट 115.36 रहा, यानी रन भी तेजी से आए. राजकोट में शुक्रवार की पारी 56 रन (53 गेंद) ने एक बार फिर उनकी फॉर्म साबित की.












