
Video: 'कोरोना वॉरियर्स' की हिम्मत को आप भी दे उठेंगे दाद, टीकाकरण के लिए यूं पार कर गए उफनती नदी
Zee News
कोरोना महामारी पर काबू पाने के लिए पूरे देश में टीकाकरण (Corona Vaccination) अभियान पूरे जोरों पर चल रहा है. इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए हेल्थ केयर वर्कर्स जी-जान लगाए हुए हैं. जान जोखिम में डालकर पार की नदी देश में कई जगह ऐसे दृश्य ऐसे भी सामने आए हैं.
जम्मू: कोरोना महामारी पर काबू पाने के लिए पूरे देश में टीकाकरण (Corona Vaccination) अभियान पूरे जोरों पर चल रहा है. इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए हेल्थ केयर वर्कर्स जी-जान लगाए हुए हैं. Health workers cross a river to reach a remote area of Kandi block in Rajouri to conduct COVID19 vaccination drive देश में कई जगह ऐसे दृश्य ऐसे भी सामने आए हैं. जहां स्वास्थ्यकर्मी अपनी जान जोखिम में डालकर टीकाकरण (Corona Vaccination) के लिए जाते हुए दिख रहे हैं. ऐसा ही एक वीडियो जम्मू कश्मीर से भी आया है. वहां पर हेल्थ केयर वर्कर तेज रफ्तार से बह रही नदी (River) को पैदल पार कर वैक्सीनेशन के लिए जाते दिख रहे हैं.
Rafale vs J-20 Mighty Dragon: राफेल और चीन के J-20 माइटी ड्रैगन के बीच तुलना में स्टील्थ बनाम सेंसर शक्ति की बहस तेज है. J-20 को रडार से बचने में बढ़त मिल सकती है, जबकि राफेल इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और सेंसर फ्यूजन में मजबूत है. आधुनिक हवाई युद्ध में नेटवर्क, मिसाइल रेंज और रणनीति निर्णायक भूमिका निभाते हैं.

India AI Impact Summit: यह समिट आम लोगों के लिए खुलेगा. इसमें दिखेगा कि AI असल जिंदगी में कैसे काम करता है. यह खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा और डेली के समस्याओं को हल करने में मदद कर सकता है. Expo में 70000 वर्ग मीटर से बड़ा एरिया होगा. जिसमें 30 से अधिक देशों की 300+ कंपनियां अपने AI प्रोडक्ट्स और टेक्नोलॉजी दिखाएंगी. छात्रों के लिए YUVAi और AI for ALL जैसे प्रोग्राम होंगे.

Vibhav Anti-Tank Mines: विभव माइन को खास तौर पर मोबिलिटी किल यानी दुश्मन टैंक को पूरी तरह नष्ट करने के लिए नहीं बनाया गया है. बल्कि उसकी गति रोकने के लिए डिजाइन किया गया है. यह टैंक के ट्रैक, सस्पेंशन या ड्राइव सिस्टम को नुकसान पहुंचाकर उसे वहीं रोक देती है. इससे वह आगे बढ़ने में असमर्थ हो जाता है. इससे आसान निशाना बन जाता है.

DISC 12 Helicopter Landing System: भारत में हेलिकॉप्टर अक्सर पहाड़ी इलाकों, अग्रिम चौकियों और अस्थायी हेलिपैड पर उतरते हैं. जहां बुनियादी ढांचा बहुत कम होता है. ऐसे स्थानों पर पायलट अधिकतर दृश्य संकेतों के आधार पर लैंडिंग करते हैं. लेकिन कोहरा, धूल, बर्फबारी या खराब मौसम की स्थिति में यह तरीका जोखिम भरा हो सकता है.

Boeing P-8I Neptune Aircraft: Boeing P-8I Neptune विमानों की अतिरिक्त खरीद की जा रही है. इससे लंबी दूरी की एंटी-सबमरीन वॉरफेयर (ASW), समुद्री निगरानी और समुद्री हमले की क्षमता को मजबूत करेगी. यह विमान अमेरिकी कंपनी Boeing द्वारा बनाए जाते हैं. इन 6 विमानों के शामिल होने के बाद भारतीय नौसेना के पास कुल 18 P-8I विमान हो जाएंगे. इससे भारत, अमेरिका के बाद, इस विमान परिवार का दूसरा सबसे बड़ा ऑपरेटर बन जाएगा.








