
NDA की परेड में दिखी नारी शक्ति, पहली बार पास हुईं 17 महिला कैडेट्स ने रचा इतिहास
AajTak
भारतीय सशस्त्र बलों के इतिहास में नया अध्याय लिखा गया. जब 17 महिला कैरेट्स के पहले बैच ने स्नातक की पढ़ाई पूरी कर ली. महिला कैडेट्स एनडीए की पासिंग आउट परेड में शामिल हुईं. इस दौरान सभी महिला अफसरों का जोश काफी हाई दिखा. 17 महिला अफसर के साथ देश को कुल 339 नए अवसर मिले हैं.
भारतीय सशस्त्र बलों के इतिहास में एक नया अध्याय लिखा गया जब राष्ट्रीय रक्षा अकादमी (एनडीए) से 17 महिला कैडेट्स के पहले बैच ने स्नातक की उपाधि प्राप्त की. इस पासिंग आउट परेड में कुल 336 नए अधिकारी सशस्त्र बलों में शामिल हुए.
सुप्रीम कोर्ट द्वारा 2021 में महिलाओं को संघ लोक सेवा आयोग के माध्यम से रक्षा अकादमी में आवेदन करने की अनुमति देने के निर्देश के बाद यह ऐतिहासिक क्षण आया है. एनडीए के कमांडेंट वाइस एडमिरल गुरुचरण सिंह ने इस उपलब्धि पर कहा, 'महिला कैडेट्स ने एक मिसाल कायम की. मुझे पूरा विश्वास है कि ये सभी आने वाले समय में प्रेरणादायक नेता बनेंगे'.
148वीं पासिंग आउट परेड के दौरान पहली बार 17 महिला कैडेट्स की पहली बैच ने 148वें कोर्स – स्प्रिंग टर्म 2025 के समापन के साथ अकेडमी से पास आउट किया.
कुल 1,341 कैडेट्स की भागीदारी
महाराष्ट्र के पुणे में खड़कवासला स्थित खेतरपाल परेड ग्राउंड में आयोजित भव्य परेड में कुल 1,341 कैडेट्स शामिल हुए. 336 कैडेट्स इस बार के पासिंग आउट के हिस्सा थे. ‘जी’ स्क्वाड्रन के अकादमी कैडेट कप्तान, उदयवीर सिंह नेगी ने इस परेड का का नेतृत्व किया.
मुख्य अतिथि और सम्मान

हरियाणा के दादरी जिले में एक वीडियो वायरल हुआ है जिसमें बीजेपी विधायक को चमचों से दूर रहने की कड़वी नसीहत एक बुजुर्ग ने दी है. यह घटना स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है. वीडियो में बुजुर्ग की बातों का अंदाज़ साफ दिखता है जो नेताओं के व्यवहार पर सवाल उठाता है. यह घटना लोकतंत्र के अंतर्गत नागरिकों और जनप्रतिनिधियों के बीच सीधे संवाद की महत्ता को दर्शाती है. ऐसे संवाद समाज में पारदर्शिता और उत्तरदायित्व बढ़ाने में मदद करते हैं.

दिल्ली के शास्त्री पार्क इलाके से एक दुखद और गंभीर खबर आई है जहां एक 11 साल के बच्चे की हत्या हुई है. बच्चे की आंख और सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं. जानकारी के अनुसार, पिता ने ही अपने पुत्र की हत्या की है और उसने घटना के बाद एक वीडियो बनाकर अपने परिवार को भेजा. इस घटना के बाद आरोपी फरार है और इस मामले की जांच जारी है.

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के PRO ने दावा करते हुए कहा कि प्रयागराज प्रशासन के बड़े अधिकारी ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से सम्मान पूर्वक दोबारा स्नान कराने की कोशिश की है. जिसके बाद स्वामी अवमुक्तेश्वरानंद की तरफ से प्रशासन के लिखित में माफी मांगने, मारपीट करने वालो पर कार्रवाई और चारों शंकराचार्य के स्नान की मांग की गई.










