
5 कलश में अस्थि विसर्जन... बारामती में अजित पवार को भावभीनी विदाई देने जुटा पूरा पवार परिवार
AajTak
महाराष्ट्र के पूर्व डिप्टी सीएम अजित पवार की अस्थियां बारामती में इकट्ठा की गई हैं. अस्थियों का विसर्जन प्रयागराज के त्रिवेणी संगम, बारामती के नीरा नदी संगम सहित अन्य स्थानों पर किया जाएगा. इस मौके पर पूरा पवार परिवार एक साथ नजर आया.
दिवंगत नेता और महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार पंचतत्व में विलीन हो चुके हैं. बारामती में प्लेन क्रैश में मौत के तीसरे दिन उनकी अस्थियां विसर्जित करने के लिए पांच कलशों में इकट्ठा की गई हैं.
अजित पवार के अस्थि विसर्जन के लिए बारामती के विद्या प्रतिष्ठान मैदान में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एसपी) के प्रमुख शरद पवार भी पहुंचे. अजित पवार के बेटे पार्थ पवार और जय पवार ने धार्मिक विधि विधान के साथ अजीत पवार की अस्थियां जमा कीं, जिन्हें पांच कलश में रखा गया है.
इस मौके पर अजित पवार के बड़े भाई श्रीनिवास पवार, चचेरे भाई राजेंद्र पवार, रंजीत पवार, विधायक रोहित पवार समेत पूरा पवार परिवार एक साथ नजर आया.
यह भी पढ़ें: अजित पवार की प्लेन क्यों हुई क्रैश? घटना के पीछे हो सकती हैं ये संभावित वजहें
कहां-कहां रखा जाएगा कलश?
एक अस्थि कलश अजित पवार के पैतृक गांव काटेवाड़ी स्थित घर पर रखा जाएगा. दो कलश की अस्थियां त्रिवेणी संगम, प्रयागराज में विसर्जित की जाएंगी. जबकि कुछ अस्थियों को बारामती के पास करहा और नीरा नदी के संगम में विसर्जित किया जाएगा. अजित पवार के कुछ अस्थि कलश महाराष्ट्र के अलग-अलग इलाकों में लोगों के दर्शन के लिए भी रवाना किया जाना है..

हरियाणा के दादरी जिले में एक वीडियो वायरल हुआ है जिसमें बीजेपी विधायक को चमचों से दूर रहने की कड़वी नसीहत एक बुजुर्ग ने दी है. यह घटना स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है. वीडियो में बुजुर्ग की बातों का अंदाज़ साफ दिखता है जो नेताओं के व्यवहार पर सवाल उठाता है. यह घटना लोकतंत्र के अंतर्गत नागरिकों और जनप्रतिनिधियों के बीच सीधे संवाद की महत्ता को दर्शाती है. ऐसे संवाद समाज में पारदर्शिता और उत्तरदायित्व बढ़ाने में मदद करते हैं.

दिल्ली के शास्त्री पार्क इलाके से एक दुखद और गंभीर खबर आई है जहां एक 11 साल के बच्चे की हत्या हुई है. बच्चे की आंख और सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं. जानकारी के अनुसार, पिता ने ही अपने पुत्र की हत्या की है और उसने घटना के बाद एक वीडियो बनाकर अपने परिवार को भेजा. इस घटना के बाद आरोपी फरार है और इस मामले की जांच जारी है.

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के PRO ने दावा करते हुए कहा कि प्रयागराज प्रशासन के बड़े अधिकारी ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से सम्मान पूर्वक दोबारा स्नान कराने की कोशिश की है. जिसके बाद स्वामी अवमुक्तेश्वरानंद की तरफ से प्रशासन के लिखित में माफी मांगने, मारपीट करने वालो पर कार्रवाई और चारों शंकराचार्य के स्नान की मांग की गई.










