
Iran के बंदरगाह पर विस्फोट हादसा या साजिश! क्या है ईरान को दहलाने वाले ब्लास्ट का चीन कनेक्शन?
AajTak
ईरान के बंदर अब्बास रजाई बंदरगाह पर एक कंटेनर में विस्फोट हुआ था, जिससे आसपास की इमारतों को भी नुकसान पहुंचा था. घटना की वजह शहीद रजाई बंदरगाह के तट वाले इलाके में रखे कई कंटेनरों में विस्फोट था
ईरान के सबसे बड़े शाहिद राजाई बंदरगाह पर 26 अप्रैल को भयावह विस्फोट हुआ था, जिसमें 40 से ज्यादा लोगों क मौत हुई थी जबकि 1200 के आसपास लोग घायल हुए थे. अब कहा जा रहा है कि यह विस्फोट चीन की ओर से इंपोर्ट किए गए मिसाइल ईंधन से हुआ था.
खबर है कि बंदरगाह पर कथित तौर पर चीन से मिसाइल ईंधन के लिए रसायन लाया गया था. निजी सुरक्षा फर्म एम्ब्रे ने बताया कि बंदरगाह पर मार्च महीने में 'सोडियम परक्लोरेट रॉकेट ईंधन' की खेप लाई गई थी. चीन से यह खेप जहाजों के जरिए आई थी.
विस्फोट का कारण बंदरगाह पर रखा गया यही रसायन था, जिसकी पहचान सोडियम परक्लोरेट (रॉकेट ईंधन में इस्तेमाल होने वाले रसायन) के तौर पर की गई.
*/ /*-->*/
यह खेप कथित तौर पर ईरानी बैलिस्टिक मिसाइलों के लिए ठोस ईंधन के रूप में उपयोग के लिए थी, जिसका उद्देश्य गाजा में हमास के साथ युद्ध के दौरान इजरायल पर हमलों के कारण कम हुए मिसाइल भंडार को फिर से भरना था.
*/ /*-->*/

हरियाणा के दादरी जिले में एक वीडियो वायरल हुआ है जिसमें बीजेपी विधायक को चमचों से दूर रहने की कड़वी नसीहत एक बुजुर्ग ने दी है. यह घटना स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है. वीडियो में बुजुर्ग की बातों का अंदाज़ साफ दिखता है जो नेताओं के व्यवहार पर सवाल उठाता है. यह घटना लोकतंत्र के अंतर्गत नागरिकों और जनप्रतिनिधियों के बीच सीधे संवाद की महत्ता को दर्शाती है. ऐसे संवाद समाज में पारदर्शिता और उत्तरदायित्व बढ़ाने में मदद करते हैं.

दिल्ली के शास्त्री पार्क इलाके से एक दुखद और गंभीर खबर आई है जहां एक 11 साल के बच्चे की हत्या हुई है. बच्चे की आंख और सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं. जानकारी के अनुसार, पिता ने ही अपने पुत्र की हत्या की है और उसने घटना के बाद एक वीडियो बनाकर अपने परिवार को भेजा. इस घटना के बाद आरोपी फरार है और इस मामले की जांच जारी है.

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के PRO ने दावा करते हुए कहा कि प्रयागराज प्रशासन के बड़े अधिकारी ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से सम्मान पूर्वक दोबारा स्नान कराने की कोशिश की है. जिसके बाद स्वामी अवमुक्तेश्वरानंद की तरफ से प्रशासन के लिखित में माफी मांगने, मारपीट करने वालो पर कार्रवाई और चारों शंकराचार्य के स्नान की मांग की गई.










