
IND vs WI: कभी 119 रन के जवाब में 81 पर ढेर हुई थी टीम इंडिया... दिल्ली टेस्ट के रिजल्ट से पहले जानें 28 साल पुरानी कहानी
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भारत-वेस्टइंडीज के बीच खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच को जीतने के लिए भारत को 121 रन बनाने हैं. भारत ने इस मुकाबले में विंडीज को हल्के में लेकर बड़ी गलती की. इसी बीच याद आया 28 साल पुराना वो किस्सा जब सचिन तेंदुलकर की कप्तानी में भारत वेस्टइंडीज के दौरे पर गया था.
भारत-वेस्टइंडीज के बीच खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच का नतीजा अब 5वें दिन आएगा. ये मुकाबला बेहद रोमांचक रहा. क्योंकि टीम इंडिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 518 पर अपनी पारी घोषित कर दी. कप्तान गिल को लगा की ये स्कोर विंडीज जैसी कमजोर टीम के लिए काफी है. विंडीज की पहली पारी जब 248 पर सिमटी तो भारत ने अति उत्साह में फॉलोआन देने का भी फैसला कर लिया.
लेकिन मेहमान विंडीज की टीम ने शानदार बल्लेबाजी की और फॉलोआन बचाने के साथ ही भारत पर 121 रनों की बढ़त भी बना ली. अब भारत को ये मैच जीतने के लिए ये स्कोर चेज करना है. देखने में ये टोटल भले ही थोड़ा छोटा हो. लेकिन वेस्टइंडीज के साथ भारत के पुराने अनुभव इस मामले में कुछ खास रहे नहीं हैं. आपको 28 साल पुराना एक किस्सा बताते हैं, जब भारत को एक छोटा टोटल भारी पड़ गया था और भारत मैच हार गया था.
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भारत के क्रिकेट इतिहास में कई यादगार पल रहे हैं. कुछ जीत से जुड़े, तो कुछ हार से. 1997 में वेस्टइंडीज के खिलाफ बारबाडोस टेस्ट भी ऐसा ही एक पल था, जिसे आज तक भारतीय क्रिकेट फैंस भूल नहीं पाए हैं. इस मैच में सचिन तेंदुलकर की कप्तानी में भारत 119 रन के मामूली लक्ष्य का पीछा करते हुए मात्र 81 रन पर ऑल आउट हो गया था.
जानें उस मुकाबले के बारे में
साल 1997 में भारत वेस्टइंडीज दौरे पर था. पहले दो टेस्ट मैच ड्रॉ रहे थे, इसलिए तीसरा टेस्ट निर्णायक साबित होना था. यह मैच बारबाडोस के केंसिंग्टन ओवल में खेला गया. वेस्टइंडीज ने पहली पारी में 289 रन बनाए थे, जिसमें शिवनारिन चंद्रपॉल ने शानदार शतक जड़ा. भारत की ओर से गेंदबाज अबे कुरुविल्ला और अनिल कुंबले ने बढ़िया गेंदबाजी की.

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