
DNA ANALYSIS: CBSE में 99 प्रतिशत स्टूडेंट्स हुए पास, कैसे मिलेगा एडमिशन?
Zee News
सीबीएसई की 12वीं की परीक्षा में 99 प्रतिशत स्टूडेंट्स पास हो गए हैं. ये अपने आप में एक रिकॉर्ड है. लेकिन क्या इतने सारे स्टूडेंट्स को देशभर की बढ़िया कॉलेज या यूनिवर्सिटी में दाखिल मिल पाएगा? ये अपने आप में एक बड़ा सवाल है.
नई दिल्ली: सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) ने 12वीं क्लास का रिजल्ट (12th Result) जारी कर दिया है. इस बार के नतीजों की खास बात ये है कि इस परीक्षा में लगभग 99.5% स्टूडेंट पास हो गए हैं. ये अपने आप में एक रिकॉर्ड है, क्योंकि पिछले साल पास होने वाले स्टूडेंट्स की संख्या करीब 90% थी. जबकि वर्ष 2019 में 83% बच्चे ही पास हुए थे. Congratulations to my young friends who have successfully passed their Class XII CBSE examinations. Best wishes for a bright, happy and healthy future. Congratulate my young friends who have cleared the CBSE class XII exams. Happy to learn that has achieved a record-high pass percentage. कोरोना वायरस (Coronavirus) की वजह से पिछले एक साल से स्कूल बंद थे, और बोर्ड की परीक्षाएं भी नहीं हो पाईं थी. इसलिए ये नतीजे परीक्षा नहीं बल्कि छात्रों के 10वीं, 11वीं और 12वीं क्लास में प्रदर्शन के आधार पर जारी किए गए हैं. इनमें 12वीं क्लास के स्टूडेंट्स के प्रदर्शन को 40 प्रतिशत, 11वीं क्लास के प्रदर्शन को 30 प्रतिशत और 10वीं क्लास के प्रदर्शन को भी 30 प्रतिशत महत्व दिया गया है. — Narendra Modi (@narendramodi)
Rafale vs J-20 Mighty Dragon: राफेल और चीन के J-20 माइटी ड्रैगन के बीच तुलना में स्टील्थ बनाम सेंसर शक्ति की बहस तेज है. J-20 को रडार से बचने में बढ़त मिल सकती है, जबकि राफेल इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और सेंसर फ्यूजन में मजबूत है. आधुनिक हवाई युद्ध में नेटवर्क, मिसाइल रेंज और रणनीति निर्णायक भूमिका निभाते हैं.

India AI Impact Summit: यह समिट आम लोगों के लिए खुलेगा. इसमें दिखेगा कि AI असल जिंदगी में कैसे काम करता है. यह खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा और डेली के समस्याओं को हल करने में मदद कर सकता है. Expo में 70000 वर्ग मीटर से बड़ा एरिया होगा. जिसमें 30 से अधिक देशों की 300+ कंपनियां अपने AI प्रोडक्ट्स और टेक्नोलॉजी दिखाएंगी. छात्रों के लिए YUVAi और AI for ALL जैसे प्रोग्राम होंगे.

Vibhav Anti-Tank Mines: विभव माइन को खास तौर पर मोबिलिटी किल यानी दुश्मन टैंक को पूरी तरह नष्ट करने के लिए नहीं बनाया गया है. बल्कि उसकी गति रोकने के लिए डिजाइन किया गया है. यह टैंक के ट्रैक, सस्पेंशन या ड्राइव सिस्टम को नुकसान पहुंचाकर उसे वहीं रोक देती है. इससे वह आगे बढ़ने में असमर्थ हो जाता है. इससे आसान निशाना बन जाता है.

DISC 12 Helicopter Landing System: भारत में हेलिकॉप्टर अक्सर पहाड़ी इलाकों, अग्रिम चौकियों और अस्थायी हेलिपैड पर उतरते हैं. जहां बुनियादी ढांचा बहुत कम होता है. ऐसे स्थानों पर पायलट अधिकतर दृश्य संकेतों के आधार पर लैंडिंग करते हैं. लेकिन कोहरा, धूल, बर्फबारी या खराब मौसम की स्थिति में यह तरीका जोखिम भरा हो सकता है.

Boeing P-8I Neptune Aircraft: Boeing P-8I Neptune विमानों की अतिरिक्त खरीद की जा रही है. इससे लंबी दूरी की एंटी-सबमरीन वॉरफेयर (ASW), समुद्री निगरानी और समुद्री हमले की क्षमता को मजबूत करेगी. यह विमान अमेरिकी कंपनी Boeing द्वारा बनाए जाते हैं. इन 6 विमानों के शामिल होने के बाद भारतीय नौसेना के पास कुल 18 P-8I विमान हो जाएंगे. इससे भारत, अमेरिका के बाद, इस विमान परिवार का दूसरा सबसे बड़ा ऑपरेटर बन जाएगा.








