
Deputy Chief Of Indian Air Force: भारतीय वायु सेना के डिप्टी चीफ होंगे संदीप सिंह, कई लड़ाकू विमानों को उड़ाने का है अनुभव
Zee News
New Deputy Chief Of Indian Air Force: भारतीय वायुसेना के डिप्टी चीफ के लिए एयर मार्शल संदीप सिंह को चुना गया है. उन्हें iG-29, MiG-21, किरण, An -32, एवरो जैसे फाइटर प्लेन उड़ाने का अनुभव है. वे एयर मार्शल वीआर चौधरी की जगह इस पद को संभालेंगे.
नई दिल्ली. एयर मार्शल संदीप सिंह (Sandeep Singh) भारतीय वायु सेना (Indian Air Force) के अगले डिप्टी चीफ होंगे. भारत सरकार ने उनको इस पर के लिए नियुक्त किया है. वे एयर मार्शल वीआर चौधरी (VR Chaudhary) की जगह लेंगे. संदीप सिंह 30 सितंबर को एयरफोर्स का प्रमुख पद संभालेंगे. सरकार ने केंद्र सरकार ने एयर मार्शल वीआर चौधरी को अगला वायुसेना प्रमुख नियुक्त करने का फैसला किया है. इसलिए उनकी जगह अब संदीप सिंह को ये जिम्मेदारी मिल रही है. Air Marshal Sandeep Singh has been appointed as the next Vice Chief of the Indian Air Force. He will be succeeding Air Marshal VR Chaudhari who will take over as Chief of Air Staff on September 30
जानकारी के अनुसार एयरफोर्स प्रमुख यानी एयर चीफ मार्शल आरके भदौरिया 30 सितंबर 2021 को रिटायर हो रहे हैं. उनकी जगह वायुसेना प्रमुख के लिए वीआर चौधरी को सरकार ने चुना है. चौधरी के चीफ मार्शल बनने के बाद उनका पद खाली हो जाएगा. इस पद के लिए एयर मार्शल संदीप सिंह को तैनात करने का फैसला लिया गया है. एयर मार्शल संदीप सिंह फिलहाल साउथ वेस्टर्न एयर कमांड के एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ हैं. उन्होंने एयर मार्शल सुरेंद्र कुमार घोटिया की सेवानिवृत्ति के बाद 1 मई 2021 को पदभार ग्रहण किया था. एयर मार्शल संदीप की जगह पर एयर मार्शल अमित देव को वेस्टर्नय एयर कमांड का अगला चीफ बनाया गया है.

Rafale vs J-20 Mighty Dragon: राफेल और चीन के J-20 माइटी ड्रैगन के बीच तुलना में स्टील्थ बनाम सेंसर शक्ति की बहस तेज है. J-20 को रडार से बचने में बढ़त मिल सकती है, जबकि राफेल इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और सेंसर फ्यूजन में मजबूत है. आधुनिक हवाई युद्ध में नेटवर्क, मिसाइल रेंज और रणनीति निर्णायक भूमिका निभाते हैं.

India AI Impact Summit: यह समिट आम लोगों के लिए खुलेगा. इसमें दिखेगा कि AI असल जिंदगी में कैसे काम करता है. यह खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा और डेली के समस्याओं को हल करने में मदद कर सकता है. Expo में 70000 वर्ग मीटर से बड़ा एरिया होगा. जिसमें 30 से अधिक देशों की 300+ कंपनियां अपने AI प्रोडक्ट्स और टेक्नोलॉजी दिखाएंगी. छात्रों के लिए YUVAi और AI for ALL जैसे प्रोग्राम होंगे.

Vibhav Anti-Tank Mines: विभव माइन को खास तौर पर मोबिलिटी किल यानी दुश्मन टैंक को पूरी तरह नष्ट करने के लिए नहीं बनाया गया है. बल्कि उसकी गति रोकने के लिए डिजाइन किया गया है. यह टैंक के ट्रैक, सस्पेंशन या ड्राइव सिस्टम को नुकसान पहुंचाकर उसे वहीं रोक देती है. इससे वह आगे बढ़ने में असमर्थ हो जाता है. इससे आसान निशाना बन जाता है.

DISC 12 Helicopter Landing System: भारत में हेलिकॉप्टर अक्सर पहाड़ी इलाकों, अग्रिम चौकियों और अस्थायी हेलिपैड पर उतरते हैं. जहां बुनियादी ढांचा बहुत कम होता है. ऐसे स्थानों पर पायलट अधिकतर दृश्य संकेतों के आधार पर लैंडिंग करते हैं. लेकिन कोहरा, धूल, बर्फबारी या खराब मौसम की स्थिति में यह तरीका जोखिम भरा हो सकता है.

Boeing P-8I Neptune Aircraft: Boeing P-8I Neptune विमानों की अतिरिक्त खरीद की जा रही है. इससे लंबी दूरी की एंटी-सबमरीन वॉरफेयर (ASW), समुद्री निगरानी और समुद्री हमले की क्षमता को मजबूत करेगी. यह विमान अमेरिकी कंपनी Boeing द्वारा बनाए जाते हैं. इन 6 विमानों के शामिल होने के बाद भारतीय नौसेना के पास कुल 18 P-8I विमान हो जाएंगे. इससे भारत, अमेरिका के बाद, इस विमान परिवार का दूसरा सबसे बड़ा ऑपरेटर बन जाएगा.








