
Coronavirus की रफ्तार बेकाबू हुई तो फिर खुला कोविड सेंटर, बैंक्वेट हॉल में इस तरह हो रहा इलाज
Zee News
Covid Center Reopen Delhi: लोकनायक अस्पताल (LNJP Hospital) के पास शहनाई बैंक्वेट में एक बार फिर कोविड केयर सेंटर में मरीजों का इलाज शुरु हो चुका है. दो दिन पहले दोबारा खुले इस सेंटर में अब तक 46 मरीज भर्ती हो चुके हैं.
नई दिल्ली: राजधानी में कोरोना वायरस (Coronavirus) के नए मामलों की रफ्तार इतनी तेज है जिसका अंदाजा लगाना मुश्किल हो रहा है. हर बीतते दिन के साथ हालात बिगड़ रहे हैं. ऐले में कोरोना की स्थिति आउट ऑफ कंट्रोल ना हो जाए इसलिए एक बार फिर से कोविड-19 केयर सेंटर (Covid-19 Care Center) शुरू कर दिया गया है. लोकनायक अस्पताल (LNJP Hospital) के पास शहनाई बैंक्वेट में एक बार फिर कोविड केयर सेंटर में मरीजों का इलाज शुरु हो चुका है. दो दिन पहले दोबारा खुले इस सेंटर में अब तक 46 मरीज भर्ती हो चुके हैं. इस सेंटर की कुल क्षमता 100 है. रिओपन हुए इस कोविड सेंटर में माइल्ड से मॉडरेट कंडीशन वाले मरीज का इलाज हो सकता है. वहीं अगर किसी मरीज की तबीयत ज्यादा बिगड़ी है तो उसे अस्पताल में शिफ्ट करने की तैयारी भी यहां की गई है. कांच के दरवाजे से रिश्तेदार अपने मरीज को देख सकें इसीलिए ग्लासडोर को एयर टाइट तकनीक के साथ बंद किया गया है.
Rafale vs J-20 Mighty Dragon: राफेल और चीन के J-20 माइटी ड्रैगन के बीच तुलना में स्टील्थ बनाम सेंसर शक्ति की बहस तेज है. J-20 को रडार से बचने में बढ़त मिल सकती है, जबकि राफेल इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और सेंसर फ्यूजन में मजबूत है. आधुनिक हवाई युद्ध में नेटवर्क, मिसाइल रेंज और रणनीति निर्णायक भूमिका निभाते हैं.

India AI Impact Summit: यह समिट आम लोगों के लिए खुलेगा. इसमें दिखेगा कि AI असल जिंदगी में कैसे काम करता है. यह खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा और डेली के समस्याओं को हल करने में मदद कर सकता है. Expo में 70000 वर्ग मीटर से बड़ा एरिया होगा. जिसमें 30 से अधिक देशों की 300+ कंपनियां अपने AI प्रोडक्ट्स और टेक्नोलॉजी दिखाएंगी. छात्रों के लिए YUVAi और AI for ALL जैसे प्रोग्राम होंगे.

Vibhav Anti-Tank Mines: विभव माइन को खास तौर पर मोबिलिटी किल यानी दुश्मन टैंक को पूरी तरह नष्ट करने के लिए नहीं बनाया गया है. बल्कि उसकी गति रोकने के लिए डिजाइन किया गया है. यह टैंक के ट्रैक, सस्पेंशन या ड्राइव सिस्टम को नुकसान पहुंचाकर उसे वहीं रोक देती है. इससे वह आगे बढ़ने में असमर्थ हो जाता है. इससे आसान निशाना बन जाता है.










