
Corona News: आने वाले 10 दिन होंगे भारी, जनवरी के आखिर तक पीक पर होगा कोरोना
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कोरोना की तीसरी लहर रफ्तार पकड़ रही है. ये तीसरी लहर पहले से ज्यादा लोगों को संक्रमित कर रही है. अगले दो हफ्ते अगर सावधानी बरती गई तो मान के चलिए कि कोरोना के प्रहार से जरूर बच जाएंगे क्योंकि आने वाले 10 दिन कोरोना का विस्फोट होगा. जानकारों का यही मानना है और ऐसा इसलिए है क्योंकि कोविड के आंकड़े डरा रहे हैं. सबसे ज्यादा बुरी स्थिति तो महाराष्ट्र और दिल्ली की है. वैसे तो पूरे महाराष्ट्र पर कोविड का खतरा ज्यादा है, मगर मुंबई की स्थिति ज्यादा नाजुक हो रही है. भले ही तीसरी लहर का खतरा पहले की दोनों लहरों की अपेक्षा कम मारक हो, मगर संक्रमण तो संक्रमण है और कोरोना तो वैसे भी हर किसी के शरीर में अलग तरह से रिएक्ट कर रहा है. देखें पूरी रिपोर्ट.

पटना-टाटानगर वंदे भारत एक्सप्रेस में खानेखाखा की खराब गुणवत्ता की शिकायत पर भारतीय रेलवे ने IRCTC पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है. साथ ही संबंधित सर्विस प्रोवाइडर पर 50 लाख का जुर्माना लगाकर उसका कॉन्ट्रैक्ट खत्म करने के आदेश दिए गए हैं. रेलवे ने यात्री सुरक्षा और गुणवत्ता को सर्वोच्च प्राथमिकता बताया है.

आज सबसे पहले आपको ये बताएंगे कि हाफ सीजफायर' के बाद अमेरिका की बातचीत ईरान के किस Respected Leader से चल रही है. डोनाल्ड ट्रंप बार-बार इस बात का दावा कर रहे हैं. लेकिन आज ईरान ने पूछा है कि वो Respected Leader कौन है. और Respected Leader से बातचीत चल रही है तो पाकिस्तान के जरिये 15 शर्तों का प्रस्ताव क्यों भेजा है. उससे भी बड़ी बात ये है कि ईरान ने अमेरिका के प्रस्ताव को कूड़ेदान में फेंकते हुए सुपर पावर अमेरिका को अपनी शर्तें बता दी हैं. और कहा है कि सीजफायर छोड़ो, अब ईरान तभी रुकेगा जब अमेरिका उसकी 5 शर्तें मानेगा. इन शर्तों में ईरान ने कहा कि उसे युद्ध में हुए नुकसान का पूरा हर्जाना मिलना चाहिए. ईरान की टॉप लीडरशिप पर हमले बंद होने चाहिए, सारे प्रतिबंध हटाए जाने चाहिए. ईरान को स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज का कानूनी अधिकार मिलना चाहिए.

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सीजेआई सूर्यकांत एक मामले की सुनवाई के दौरान उस वक्त नाराज हो गए, जब याचिकाकर्ता निखिल कुमार पुनिया के पिता ने CJI के भाई को फोन कर दिया. मामला बौद्ध धर्म अपनाकर अल्पसंख्यक आरक्षण मांगने से जुड़ा है. सुप्रीम कोर्ट पहले ही इसे 'नए तरह का धोखा' बताते हुए जांच के आदेश दे चुका है. सीजेआई ने इसे गंभीर कदाचार मानते हुए अवमानना की चेतावनी दी.









