
रामनवमी जुलूस पर सासाराम के बाद नालंदा में भी भारी हिंसा, 3 लोगों को लगी गोली
AajTak
रामनवमी जुलूस को लेकर बिहार के सासाराम के बाद नालंदा में भी भारी बवाल हुआ है. जुलूस निकलने के दौरान दो पक्ष आमने-सामने आ गया जिसके बाद पत्थरबाजी शुरू हो गई और फिर लोग आगजनी करने लगे. भीड़ ने बस और बाइकों में आग लगा दी. इस हिंसा में तीन लोगों को गोली भी लगी है.
रामनवमी पर जुलूस को लेकर बिहार के सासाराम में बवाल होने के बाद नालंदा में भी भारी हिंसा हुई है. जुलूस के दौरान जमकर पथराव और आगजनी की गई. भीड़ ने कई बाइक और गाड़ियों को फूंक दिया. भीड़ ने एक बस को भी आग के हवाले कर दिया.
हिंसा के दौरान गोलीबारी भी हुई है जिसमें तीन लोगों को गोली लगी है. घटना के बाद इलाके में भारी तनाव बना हुआ है. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नालंदा में धारा 144 लगा दी गई है. बिहार शरीफ के अस्पताल के डॉक्टर चित्रांश ने बताया कि तीन लोगों को गोली लगी है जिनका इलाज किया जा रहा है.
बताया जा रहा है कि लहेरी पुलिस थाना क्षेत्र में रामनवमी जुलूस के दौरान दो पक्ष आमने-सामने आ गये जिसके बाद हिंसा भड़क उठी. भीड़ ने जमकर पत्थरबाजी और आगजनी की. रिपोर्ट के मुताबिक कई दुकानों में भी आग लगाई गई है.
हिंसा की घटना के बाद मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है और जिले के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर मौजूद हैं. बता दें कि इससे पहले सासाराम में भी बवाल हुआ था.
यहां देखिए वीडियो

झारखंड के लातेहार जिले के भैंसादोन गांव में ग्रामीणों ने एलएलसी कंपनी के अधिकारियों और कर्मियों को बंधक बना लिया. ग्रामीणों का आरोप था कि कंपनी बिना ग्राम सभा की अनुमति गांव में आकर लोगों को ठगने और जमीन हड़पने की कोशिश कर रही थी. पुलिस के हस्तक्षेप के बाद लगभग दो घंटे में अधिकारी सुरक्षित गांव से बाहर निकल सके.

दिल्ली के सदर बाजार में गोरखीमल धनपत राय की दुकान की रस्सी आज़ादी के बाद से ध्वजारोहण में निरंतर उपयोग की जाती है. प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कार्यकाल के बाद यह रस्सी नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाने लगी. इस रस्सी को सेना पूरी सम्मान के साथ लेने आती है, जो इसकी ऐतिहासिक और भावनात्मक महत्ता को दर्शाता है. सदर बाजार की यह रस्सी भारत के स्वाधीनता संग्राम और सांस्कृतिक गौरव का प्रतीक बनी हुई है. देखिए रिपोर्ट.

संभल में दंगा मामले के बाद सीजेएम के तबादले को लेकर विवाद शुरू हो गया है. पुलिस के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए गए थे लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की. इस पर सीजेएम का अचानक तबादला हुआ और वकील प्रदर्शन कर रहे हैं. समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और AIMIM ने न्यायपालिका पर दबाव बनाने का आरोप लगाया है. इस विवाद में राजनीतिक सियासत भी जुड़ी है. हाई कोर्ट के आदेशानुसार जजों के ट्रांसफर होते हैं लेकिन इस बार बहस हुई कि क्या यहां राज्य सरकार ने हस्तक्षेप किया.

दावोस में भारत वैश्विक आर्थिक चुनौतियों का सामना करने और एक बेहतर भविष्य बनाने के लिए पूरी तैयारी कर रहा है. इस संदर्भ में सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव से खास बातचीत की गई जिसमें उन्होंने बताया कि AI को लेकर भारत की क्या योजना और दृष्टिकोण है. भारत ने तकनीकी विकास तथा नवाचार में तेजी लाई है ताकि वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे रह सके. देखिए.

महाराष्ट्र के स्थानीय निकाय चुनावों के बाद ठाणे जिले के मुंब्रा क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं. एमआईएम के टिकट पर साढ़े पांच हजार से अधिक वोट के अंतर से जीत हासिल करने वाली सहर शेख एक बयान की वजह से चर्चा में हैं. जैसे ही उनका बयान विवादास्पद हुआ, उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका बयान धार्मिक राजनीति से जुड़ा नहीं था. सहर शेख ने यह भी कहा कि उनके बयान को गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है और वे उस तरह की राजनीति का समर्थन नहीं करतीं.








