
योगी के ‘चुनावी बजट’ में एक्सप्रेस-वे और एयरपोर्ट के जाल पर फोकस, अयोध्या के लिए 140 करोड़
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उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने सोमवार को अपना पेपरलेस बजट पेश किया. अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले योगी सरकार का ये अंतिम पूर्ण बजट था. एक्सप्रेस-वे से लेकर एयरपोर्ट के जाल, किसानों पर हुई मेहरबानी तक इस बजट में काफी कुछ खास रहा.
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने सोमवार को अपने आम बजट को पेश किया. अगले साल राज्य में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले योगी सरकार के इस कार्यकाल का ये अंतिम पूर्ण बजट है. योगी सरकार ने इस बजट को पूरी तरह से पेपरलेस पेश किया है, वित्त मंत्री सुरेश खन्ना भी विधानसभा में एप्पल के कंप्यूटर से बजट पेश करते हुए नज़र आए. यूपी सरकार का ये बजट प्रदेश के इतिहास का अबतक का सबसे बड़ा बजट है. इस बार का बजट कुल 5 लाख 50 हज़ार 270 करोड़ 78 लाख रुपये का है. कृषि कानून पर मचे बवाल से इतर यूपी सरकार ने किसानों को खेती के लिए मुफ्त पानी देने, सस्ता लोन उपलब्ध कराने का ऐलान किया है. वित्त मंत्री ने ऐलान किया कि हमारी सरकार 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने पर काम कर रही है. किसानों को सस्ता लोन देने के लिए 400 करोड़, खेती के लिए मुफ्त पानी देने के लिए 600 करोड़ का आवंटन हुआ है. एक्सप्रेस-वे, मेट्रो और एयरपोर्ट का जाल यूपी सरकार ने इस बार के बजट में इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर देने का काम किया है. अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले इस बार एक्सप्रेस-वे, मेट्रो प्रोजेक्ट, हाइवे और एयरपोर्ट पर जोर दिया गया है. यूपी के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने अपने बजट भाषण में गंगा एक्सप्रेस-वे, पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे, गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे के लिए राशि आवंटित की. प्रदेश में मेट्रो प्रोजेक्ट को रफ्तार देते हुए वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कानपुर, गोरखपुर, वाराणसी में मेट्रो प्रोजेक्ट का ऐलान किया. कानपुर मेट्रो के लिए करीब 600 करोड़ रुपये, वाराणसी-गोरखपुर मेट्रो के लिए 100 करोड़ रुपये दिए गए हैं. इसके अलावा यूपी सरकार ने दिल्ली-मेरठ रैपिड रेल प्रोजेक्ट के लिए 1326 करोड़ रुपये का ऐलान किया गया है. यूपी सरकार ने अयोध्या, जेवर एयरपोर्ट के लिए राशि का ऐलान किया है. इसके अलावा जेवर एयरपोर्ट के पास ही इलेक्ट्रॉनिक सिटी बनाने की भी बात कही है. वित्त मंत्री ने ऐलान किया कि अलीगढ़, आजमगढ़, मुरादाबाद व श्रावस्ती एयरपोर्ट का विकास लगभग पूर्ण हो गया है तथा चित्रकूट तथा सोनभद्र एयरपोर्ट मार्च, 2021 तक पूर्ण होंगे.
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