
मिडिल ईस्ट में खुल रहा जंग का एक और मोर्चा, सीरिया में रूस-अमेरिका के बीच प्रॉक्सी वॉर की आशंका फिर बढ़ी!
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मिडिल ईस्ट में इजरायल की जंग के बीच, सीरिया में नया मोर्चा खुलता नजर आ रहा है. अमेरिकी समर्थित हयात तहरीर अल-शाम (HTS) ने अलेप्पो शहर पर कब्जा कर लिया, बशर अल-असद शासन के खिलाफ संघर्ष बढ़ता दिख रहा है. रूस और ईरान असद का समर्थन कर रहे हैं. यह आक्रामकता मिडिल ईस्ट में एक और बड़े युद्ध की संभावना बढ़ा रही है.
मिडिल ईस्ट में इजरायल की जंग के बीच अब सीरिया में जंग का दूसरा मोर्चा खुलता नजर आ रहा है. यहां अमेरिका समर्थित "आतंकवादी समूह" ने देश के दूसरे बड़े शहर अलेप्पो पर कब्जा कर लिया है और रूस-ईरान समर्थित बशर अल-असद की सत्ता के खिलाफ मानो आर-पार की लड़ाई छेड़ दी है. तीन दिनों पहले ही विद्रोही समूहों ने अपना विस्तार शुरू किया था, और इस आक्रामकता ने अब मिडिल ईस्ट में एक और बड़े जंग की संभावनाएं तेज कर दी है.
हयात तहरीर अल-शाम (HTS), ये वो समूह है जिसके लड़ाके बशर अल-असद को सत्ता से बाहर करना चाहते हैं, जो युद्धग्रस्त देश में साल 2000 से शासन कर रहे हैं. विद्रोही समूहों ने आधिकारिक तौर पर 50 से ज्यादा नगरों और गांवों पर नियंत्रण का दावा किया है. वे शहर के पश्चिमी जिलों में भी प्रवेश कर रहे हैं, जो कि असद सत्ता के कब्जे वाले क्षेत्र हैं.
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विद्रोही समूहों पर रूस का एयर स्ट्राइक
एचटीएस ने अलेप्पो शहर पर कब्जे को खोई हुई जमीन को वापस से हासिल करना बताया, और माना जा रहा है कि वे और भी ज्यादा आक्रामक हो रहे हैं. असद सत्ता को मिल रही इस चुनौती में सत्ता पक्ष को रूस और ईरान का समर्थन है. रूसी सेना ने एक बयान भी जारी किया, जिसमें बताया कि पिछले 24 घंटे की एयर स्ट्राइक में 300 विद्रोही लड़ाकों को मार गिराया गया है.
अलेप्पो शहर पर कब्जे का क्या मतलब?

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