
पोप लियो ने भारत-पाकिस्तान युद्धविराम का किया स्वागत, कहा- अब स्थायी शांति की उम्मीद
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पोप लियो ने वेटिकन सिटी के सेंट पीटर्स स्क्वायर में अपने पहले सार्वजनिक संदेश में कहा कि आज की दुनिया टुकड़ों में बंटे थर्ड वर्ल्ड वॉर की स्थिति में जी रही है. उन्होंने भारत-पाकिस्तान के संदर्भ में अब और युद्ध नहीं की वैश्विक अपील की.
भारत और पाकिस्तान के बीच सीजफायर पर कैथोलिक चर्च के नव-निर्वाचित पोप लियो XIV (Pope Leo XIV) ने खुशी जताई और आशा व्यक्त की कि ये कदम दोनों परमाणु संपन्न पड़ोसी देशों के बीच स्थायी शांति का मार्ग प्रशस्त करेगा. पोप लियो ने वेटिकन सिटी के सेंट पीटर्स स्क्वायर में अपने पहले सार्वजनिक संदेश में कहा कि आज की दुनिया टुकड़ों में बंटे थर्ड वर्ल्ड वॉर की स्थिति में जी रही है. उन्होंने भारत-पाकिस्तान के संदर्भ में अब और युद्ध नहीं की वैश्विक अपील की.
पोप लियो ने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच युद्धविराम की खबर से खुशी हुई. आशा है कि यह समझौता बातचीत के ज़रिए स्थायी शांति की ओर बढ़ेगा.
पोप लियो XIV ने न केवल भारत-पाक शांति की अपील की, बल्कि यूक्रेन युद्ध और ग़ाज़ा संकट पर भी गहरी चिंता जताई. उन्होंने यूक्रेन की पीड़ा पर दुख व्यक्त किया और ग़ाज़ा में तत्काल युद्धविराम, मानवीय सहायता और बंधकों की रिहाई की मांग की.
ये प्रतिक्रिया ऐसे समय में आई है जब भारत ने 7 मई को 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत पाकिस्तान और पीओके में 9 आतंकी ठिकानों को तबाह कर दिया था. इसके बाद पाकिस्तान ने भारतीय सीमावर्ती इलाकों में भारी गोलाबारी शुरू कर दी थी.
हालांकि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को घोषणा की थी कि दोनों देशों में 10 मई की शाम 5 बजे से युद्धविराम पर सहमति बनी, लेकिन पाकिस्तान ने कुछ ही घंटों में इस समझौते का उल्लंघन कर दिया और ड्रोन अटैक किए.

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