
नींबू के पेड़ के नजदीक अंतिम समाधि चाहते थे नरेंद्र गिरि! समझिए क्या है भू समाधि की परंपरा
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महंत नरेंद्र गिरि के कमरे से मिले सुसाइड नोट में लिखा है कि उनकी समाधि पार्क में नींबू के पेड़ के पास दी जाए, यही उनकी अंतिम इच्छा है. खबर है कि नरेंद्र गिरि के पार्थिव शरीर को अब भू-समाधि दी जाएगी. दरअसल, महंत नरेंद्र गिरि का शव प्रयागराज के उनके बाघंबरी मठ में ही फांसी के फंदे से लटकता मिला था. उस कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था. दरवाजा तोड़कर अंदर पहुंचने पर उनका शव फंदे से लटका मिला था. मौके से एक सुसाइड नोट भी मिला. इसमें उन्होंने आनंद गिरि, आद्या तिवारी और संदीप तिवारी को उनकी मौत के लिए जिम्मेदार ठहराया है. ज्यादा जानकारी के लिए देखें वीडियो.

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