
देश में कोविड-19 संक्रमण के 5,076 नए मामले सामने आए, 11 रोगियों की मौत
The Wire
भारत में कोविड-19 संक्रमण के कुल मामलों की संख्या 4,44,95,359 है और इस महामारी से जान गंवाने वालों का आंकड़ा 5,28,150 है. विश्व में संक्रमण के 60.82 करोड़ से ज़्यादा मामले दर्ज किए गए हैं और अब तक 65.13 लाख से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है.
नई दिल्ली: भारत में एक दिन में कोविड-19 के 5,076 नए मामले सामने आने से संक्रमण के कुल मामलों की संख्या 4,44,95,359 हुई जबकि उपचाराधीन मरीजों की संख्या 47,945 है.
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के रविवार सुबह आठ बजे तक के अपडेटेड आंकड़ों के अनुसार, संक्रमण से 11 और मरीजों के जान गंवाने से मृतकों की संख्या बढ़कर 5,28,150 हो गई. मौत के नए मामलों में केरल द्वारा पुनर्मिलान किए गए मौत के चार मामले भी शामिल हैं.
अमेरिका की जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी के आंकड़ों के मुताबिक, पूरी दुनिया में कोरोना वायरस संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 60,82,98,782 हो गए हैं और इस संक्रमण के चलते दुनियाभर में अब तक 65,13,742 लोगों की मौत हो चुकी है.
मंत्रालय के अनुसार, कोविड-19 का इलाज करा रहे लोगों की संख्या संक्रमण के कुल मामलों का 0.11 प्रतिशत है जबकि कोविड-19 से स्वस्थ होने की राष्ट्रीय दर 98.71 प्रतिशत हो गई है.

कैम्पेन अगेंस्ट स्टेट रिप्रेशन (सीएएसआर) ने आरोप लगाया है कि दिल्ली में दो मज़दूर अधिकार कार्यकर्ताओं, दो विस्थापन-विरोधी कार्यकर्ताओं और छह छात्रों को 'अधिकारियों' ने उठा लिया है और उनका अब तक कोई पता नहीं है. संगठन ने उनके ठिकाने की जानकारी, सुरक्षा की गारंटी और कानूनी सहायता सुनिश्चित करने की मांग की है.

महाराष्ट्र में एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति बाधित होने से पीएम पोषण (मिड-डे मील) योजना प्रभावित होने की आशंका जताई गई है. प्राथमिक शिक्षा निदेशालय ने बीपीसीएल और एचपीसीएल से स्वयं सहायता समूहों और केंद्रीय रसोईघरों के लिए सिलेंडरों की प्राथमिक आपूर्ति सुनिश्चित करने का अनुरोध किया है, ताकि छात्रों के भोजन पर असर न पड़े.

लोकसभा में सपा सांसद धर्मेंद्र यादव के सवाल के जवाब में केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने बताया कि मणिकर्णिका घाट एएसआई के तहत संरक्षित स्मारक नहीं है. उन्होंने आगे कहा कि घाट पर चल रहा कार्य घाट की गरिमा को बहाल करने के उद्देश्य से किए जा रहे जीर्णोद्धार और संरक्षण परियोजना का हिस्सा है.

देश में एलपीजी गैस की सप्लाई को लेकर अनिश्चितता के बीच गुरुवार को संसद में जारी बजट सत्र के दूसरे चरण के दौरान ज़ोरदार हंगामा देखने को मिला. कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने सरकार पर इस मुद्दे पर ग़लत जानकारी देने का आरोप लगाया और इस पर संसद के भीतर विस्तृत चर्चा की मांग की. हालांकि, सरकार का कहना है कि देश के पास पर्याप्त भंडार हैं.

ईरान संघर्ष के बीच कंटेनर जहाजों की कमी के कारण कच्चे माल की कीमतों में करीब 30% की बढ़ोतरी हुई है, जिसके चलते भारत में दवाओं के दाम तेज़ी से बढ़ने की आशंका है. उद्योग से जुड़े लोगों ने कहा कि जहाजों की कमी के कारण चीन से आने वाले एक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रीडिएंट्स (एपीआई) की आपूर्ति प्रभावित हुई है. चीन भारतीय दवा निर्माताओं के लिए कच्चे माल का सबसे बड़ा आपूर्तिकर्ता है.








