
दिल्ली: बिल्डिंग में छोटे कमरे और खचाखच भरा सामान बना रेस्क्यू में मुसीबत
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दिल्ली के मुंडाका इलाके में सीसीटीवी बनाने वाली फैक्ट्री में आग लग गई है. अब तक 26 शव मिल चुके हैं. करीब 30 लोग अंदर फंसे होने की आशंका है. सूचना है कि तीसरी मंजिल पर मजदूरों के परिवार रहते हैं. आधे घंटे में ऑपरेशन पूरा कर लिया जाएगा.
दिल्ली के मुंडका इलाके में फैक्ट्री में आग लगने से करीब 27 लोगों की मौत हो गई. करीब 30-40 लोग अंदर फंसे हैं. घटना की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि करीब 6 घंटे से फायर ब्रिगेड आग बुझा रही है. ऑपरेशन पूरा होने में अभी 45 मिनट का वक्त और लग सकता है.
फायर फाइटर्स को फैक्ट्री के शीशे तोड़कर अंदर घुसना पड़ा. इसके साथ ही सीढ़ियां लगाकर तीसरी मंजिल तक फायर टीम पहुंची. फायर फाइटर्स के करीब 100 जवान रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे हैं. अभी पहली और तीसरी मंजिल पर सर्च ऑपरेशन किया जा रहा है. अभी तक जो जानकारी सामने आई है, वो चौंकाने वाली है.
जानकारी के मुताबिक, फैक्ट्री की तीनों मंजिल पर क्षमता से ज्यादा मजदूर काम कर रहे थे. ये बात फायर ब्रिगेड के अफसर ने भी बताई है. उन्होंने कहा कि काफी छोटे-छोटे कमरे हैं. इनमें सामान ज्यादा भरा पड़ा है. ऐसे में ऑपरेशन में परेशानी आ रही है. जगह की कमी थी और अंदर लोगों की संख्या ज्यादा थी.
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गांव के लोगों ने बताया कि उन्होंने शुरुआत में रेस्क्यू ऑपरेशन किया. करीब 6 घंटे तक आग लगी रही. अंधेरे में साफ नहीं देखा जा पा रहा है. गांव वालों का कहना था कि फैक्ट्री में करीब 300 लोग काम कर रहे थे.
फैक्ट्री में जो लोग बाहर की तरफ काम कर रहे थे, वे आग की घटना देखते ही भाग गए और सुरक्षित बच गए. जबकि जो लोग अंदर काम कर रहे थे, वे फंसकर रह गए. उन्हें बाहर निकलने का मौका नहीं मिला. घायलों को अलग-अलग अस्पताल में भर्ती कराया गया है. धुंआ का गुबार बता रहा था कि आग कितनी भयंकर लगी थी.

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