
त्रिपुराः अगरतला रेलवे स्टेशन पर 23 बांग्लादेशी नागरिक गिरफ्तार, अवैध तरीके से हुए थे दाखिल
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इससे पहले जीआरपी ने अवैध रूप से भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा पार करने के आरोप में अगरतला रेलवे स्टेशन पर चार बांग्लादेशी महिलाओं को गिरफ्तार किया था. जीआरपी ने कहा कि आरोपी की मदद करने के आरोप में एक भारतीय बिचौलिये को भी गिरफ्तार किया गया.
त्रिपुरा में सरकारी रेलवे पुलिस (जीआरपी) को एक बड़ी सफलता मिली है. शनिवार रात को अगरतला रेलवे स्टेशन पर जीआरपी ने अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने के आरोप में 23 बांग्लादेशी नागरिकों के साथ एक बिचौलिये को गिरफ्तार किया है. जीआरपी अधिकारियों के अनुसार, ये सभी बांग्लादेशी नौकरी की तलाश में भारत आए थे और असम में गुवाहाटी के रास्ते दूसरे राज्यों में जाने के लिए ट्रेन में चढ़ने की कोशिश करते समय उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया.
नौकरी की तलाश में पहुंचे थे भारत रेलवे अधिकारियों ने बताया कि इन सभी बांग्लादेशियों की उम्र 19 से 40 साल के बीच है और वे बांग्लादेश के राजशाही डिवीजन के चपैनवाबगंज जिले के रहने वाले हैं. गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों की पहचान राम साहा (24), मोहम्मद अस्माउल हक (20), जाकिर हुसैन (40), मोहम्मद साहिन अली (26), इब्राहिम खलील (23), साहिन आलम (28), नयन अली (19),मोहम्मद इलाही हुसैन (21), मोहम्मद तैयब हुसैन (19), मोहम्मद डालिम उर्फ ईमान (19), मोहम्मद अब्दुल अजीज, मोहम्मद सैफुल इस्लाम (25), सहाबुद्दीन शेक (33), मोहम्मद शाहिदुल इस्लाम (20), मोहम्मद सुमन (26) ), मोहम्मद अमीरुल इस्लाम (24), हाजीकुल बाबू (26), रमजान शेक (19), मोहम्मद मिजानूर (24), अली अकबर (36), सकील शेक (19) और मोहम्मद रेहान एसके (19) के रूप में की गई है.
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4 महिलाओं को किया था गिरफ्तार इससे पहले जीआरपी ने अवैध रूप से भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा पार करने के आरोप में अगरतला रेलवे स्टेशन पर चार बांग्लादेशी महिलाओं को गिरफ्तार किया था. जीआरपी ने कहा कि आरोपी की मदद करने के आरोप में एक भारतीय बिचौलिये को भी गिरफ्तार किया गया. इस जांच में सामने आया था कि बांग्लादेशी महिलाएं अहमदाबाद जाने की योजना बना रही थीं, जबकि अन्य ट्रेन से पुणे जाने की तैयारी में थी.
बता दें कि पूर्वोत्तर के कई इलाकों में बांग्लादेश की ओर से घुसपैठ होती रहती है. लंबी सीमा पर कोई बाड़बंदी न होने के चलते कई बार आसानी से लोग भारत की सीमा में दाखिल हो जाते हैं. हालांकि, बीएसएफ ने सीमाओं पर बाड़ेबंदी तेज कर दी है और घुसपैठ को नाकाम रने के अभियान में भी तेजी की है.

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