
जब-जब बिहार में 5% से ज्यादा बढ़ी वोटिंग, बदल गई सरकार... पहले चरण में 8% का इजाफा किसके लिए टेंशन
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बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण की 121 सीटों पर गुरुवार को मतदान हुआ. इस बार बिहार के मतदाताओं ने वोटिंग के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं. पहली बार 64.69 फीसदी वोटिंग हुई है, जो पिछले चुनाव से करीब साढ़े आठ फीसदी ज्यादा है. बिहार में जब-जब पांच फीसदी से ज्यादगा वोटिंग हुई है, तब-तब सरकार बदल गई है.
बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के 18 ज़िलों की 121 सीटों पर उतरे 1314 उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में कैद हो गई है. गुरुवार को पहले चरण में मतदाताओं का उत्साह ज़बरदस्त देखने को मिला. पहले फेज की 121 सीटों पर 64.69 फीसदी लोगों ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया, जो पिछले चुनाव से करीब साढ़े आठ फीसदी मतदान ज्यादा हुआ है.
बिहार की सियासत में इस बार के मतदान को अभूतपूर्व माना जा रहा है, क्योंकि प्रदेश के इतिहास में यह सर्वाधिक वोटिंग है. साल 2020 में पहले चरण में 56.1 फीसदी वोटिंग हुई, लेकिन उस समय पहले फेज में 71 सीटों पर चुनाव हुए थे जबकि इस बार 121 सीट पर चुनाव हुए हैं.
चुनाव आयोग के मुताबिक पहले फेज की 121 सीटों पर 64.69 फीसदी मतदान रहा जबकि 2020 के विधानसभा चुनाव में इन सीटों पर 56 फीसदी के करीब मतदान रहा। इस लिहाज़ से देखें तो वोटिंग पैटर्न कहता है कि पिछले चुनाव से करीब साढ़े आठ फ़ीसदी वोटिंग ज़्यादा हुई है। इस बार चुनाव में जिस तरह से मतदान बढ़ा है, उससे सियासी दलों की धड़कनें बढ़ गई हैं.
बिहार चुनाव में कहां कितना मतदान
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