
घर में पिता का पार्थिव शरीर और आंखों में आंसू... पापा की मौत वाले दिन बेटी ने दिया12वीं का एग्जाम
ABP News
Maharashtra News: महाराष्ट्र के भंडारा में पिता की दुर्घटना में मौत के बावजूद बेटी ने दिल पर पत्थर रखकर 8 किलोमीटर दूर परीक्षा केंद्र पहुंचकर 12वीं की पहली परीक्षा दी और पिता के सपने को पूरा किया.
Maharashtra News: महाराष्ट्र के भंडारा जिले से बेहद दुखद खबर सामने आई है, यहां एक ओर घर में पिता का पार्थिव शरीर रखा था और परिवार शोक में डूबा हुआ था, वहीं दूसरी ओर 12वीं की बोर्ड परीक्षा थी. दिल पर पत्थर रखकर एक बेटी ने अपने पिता का सपना पूरा करने के लिए परीक्षा केंद्र का रुख किया. यह घटना 10 फरवरी को भंडारा जिले के तुमसर स्थित परीक्षा केंद्र पर हुई.
भंडारा जिले के तुमसर तालुका के आंबागड गांव निवासी जान्हवी के पिता हौशीलाल राहांगडाले की सोमवार दोपहर एक सड़क दुर्घटना में मृत्यु हो गई थी. इस दुखद घटना से राहांगडाले परिवार पर मानो आसमान टूट पड़ा. घर में चीख-पुकार मची हुई थी और पिता का पार्थिव शरीर घर में रखा गया था. लेकिन अगले ही दिन यानी मंगलवार को जान्हवी की बारहवीं क्लास का अंग्रेजी का पहला पेपर था.
पिता के सपने ने जान्हवी को दिया हौसला
मन में पिता की यादों का सागर और आंखों में आंसुओं का सैलाब लिए जान्हवी को पिता के शब्द याद आ रहे थे. “पढ़ो और बड़ी बनो.” पिता के इसी सपने ने उसे टूटने नहीं दिया. अंततः जान्हवी अपने मामा के बेटे के साथ आंबागड से तुमसर तक करीब 8 किलोमीटर की दूरी तय कर परीक्षा केंद्र पहुंची.













