
कांग्रेस में आज फैसले का दिन... तय होगा पायलट-गहलोत का फ्यूचर और पार्टी अध्यक्ष का चेहरा
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कांग्रेस में गुरुवार को फैसले का दिन है और सभी की निगाहें दस जनपथ पर लगी हैं. राजस्थान के मुख्यमंत्री पद के चेहरे से लेकर कांग्रेस अध्यक्ष पद के उम्मीदवार पर तस्वीर साफ होनी है. अशोक गहलोत से लेकर सचिन पायलट तक दिल्ली में हैं तो सोनिया गांधी के घर पर बैठकों को दौर जारी है. ऐसे में देखना है कि क्या सियासी तस्वीर सामने आती है?
सियासी संकट में घिरी कांग्रेस के लिए गुरुवार का दिन काफी अहम है. राजस्थान में मुख्यमंत्री के चेहरे और कांग्रेस अध्यक्ष पद को लेकर कशमकश जारी है, जिसका हल दस जनपथ से निकलेगा. सीएम अशोक गहलोत के दिल्ली में कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात में वह अपनी जिद पर कायम रहते हैं या फिर हाईकमान की मर्जी के मुताबिक पायलट को अपनी कुर्सी सौंपने को तैयार होंगे. कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए चुनाव गहलोत लड़ेंगे या फिर दिग्विजय सिंह किस्मत आजमाएंगे. इन दोनों ही मामलों पर तस्वीर साफ हो जाएगी?
कांग्रेस अध्यक्ष पद के नॉमिनेशन के लिए अब केवल एक दिन बचा है. रिटर्निंग ऑफिसर मुधसूदन मिस्त्री के 29 सितंबर को दिल्ली में नहीं होने के कारण कांग्रेस अध्यक्ष पद पद के लिए उम्मीदवार केवल आखिरी दिन 30 सितंबर को ही आवेदन कर सकते हैं. मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह 'भारत जोड़ो यात्रा' छोड़कर दिल्ली पहुंच गए हैं तो अशोक गहलोत व सचिन पायलट भी दिल्ली में हैं.
अशोक गहलोत कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मिलेंगे तो दिग्विजय सिंह के दिल्ली पहुंचने और कांग्रेस अध्यक्ष पद के चुनाव लड़ने की चर्चा तेज है. कांग्रेस अध्यक्ष के लिए दिग्विजय सिंह का नाम आने के बाद समीकरण बदल गए हैं. ऐसे में गहलोत के चुनाव लड़ने पर संशय के बादल मंडरा रहे हैं, जिससे राजस्थान में उनके मुख्यमंत्री बने रहने पर तस्वीर साफ नहीं हो पा रही है.
राजस्थान कांग्रेस का एपिसोड जितना लंबा खिंच रहा है, उतना ही क्लाइमेक्स बढ़ रहा है. ऐसे में पायलट और गहलोत दोनों ही दिल्ली दरबार में दस्तक देने लिए राजधानी में हैं. कांग्रेस में अध्यक्ष का चुनाव और राजस्थान सरकार में मुख्यमंत्री पद के फैसला पर अब गुरुवार को तस्वीर साफ होने की उम्मीद है. सोनिया गांधी के आवास दस जनपथ में सियासी चहल पहल तेज हो गई है.
कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल गुरुवार को सोनिया गांधी से मिलने दस जनपथ पहुंचे हैं तो दूसरी तरफ मुकुल वासनिक बीकानेर हाउस में अशोक गहलोत से मुलाकात के लिए पहुंचे. हालांकि, वेणुगोपाल ने केरल से दिल्ली के लिए रवाना होने से पहले बुधवार को कहा था कि राजस्थान को जल्द नया मुख्यमंत्री मिलेगा. उन्होंने कहा, 'राजस्थान में कोई ड्रामा नहीं है. एक या दो दिन में सब साफ हो जाएगा और आपको पता चल जाएगा कि कौन नया मुख्यमंत्री बनने जा रहा है.'
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के तेवर काफी नरम हैं. ऐसे में गुरुवार को गहलोत की पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी से होने वाली मुलाकात पर सभी की निगाहें हैं. गहलोत ने कहा कि हमारे दिल में जो नंबर वन होता है, हम उसकी अगुवाई में काम करते हैं. हम आगे भी सोनिया गांधी के नेतृत्व में एकजुट रहेंगे. यह घर की बात है, जिसे सुलझा लिया जाएगा. ऐसे में सवाल यह है कि गहलोत क्या पायलट को अपना राजनीतिक उत्ताराधिकारी स्वीकार करेंगे?

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