
असम: STF ने रोहिंग्याओं को अवैध रूप से भारत लाने में शामिल 8 लोगों को किया गिरफ्तार
AajTak
असम के डीआइजी ने कहा, 'दलाल रोहिंग्याओं को भारत में घुसने के लिए भारत-बांग्लादेश सीमा का इस्तेमाल कर रहे थे और फिर वे देश के विभिन्न हिस्सों में भेजने के लिए असम को गलियारे के रूप में उपयोग करने की कोशिश कर रहे थे. दलालों की गिरफ्तारी के बाद जांच से पता चला है कि उनमें से ज्यादातर लोग त्रिपुरा से काम कर रहे थे.'
असम पुलिस की विशेष टास्क फोर्स ने रोहिंग्याओं को अवैध रूप से भारत लाने में शामिल आठ लोगों को गिरफ्तार किया है. त्रिपुरा के सीमावर्ती जिलों में पुलिस द्वारा किए गए ऑपरेशन के दौरान यह पाया गया कि गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों ने अवैध रोहिंग्या मुसलमानों और बांग्लादेशी नागरिकों को भारतीय नागरिक के रूप में पहचान दिलाने के लिए कथित तौर पर फर्जी आईडी और अन्य यात्रा दस्तावेजों का इस्तेमाल किया था.
असम पुलिस के उप महानिरीक्षक, पार्थ सारथी महंत ने कहा, 'अवैध अप्रवासी हमारे देश के लिए खतरा हैं और अवैध रोहिंग्या हमारी प्राकृतिक सुरक्षा के लिए खतरा हैं, इसलिए इसे एसटीएफ को सौंपा गया था और यह ऑपरेशन असम के डीजीपी की सीधी निगरानी में था. एसटीएफ ने अभियान चलाकर मामला दर्ज किया और दो महीने पहले हमने दो चार दलालों को गिरफ्तार किया. क्योंकि दलालों के बिना अवैध अप्रवासियों का असम में प्रवेश संभव नहीं है.'
इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बताते हुए पुलिस ने कहा, बांग्लादेश से ऐसे रोहिंग्या मुसलमानों को भारत में लाने के कारोबार में शामिल दलालों की कार्यप्रणाली गुप्त उद्देश्यों के लिए है, जिसमें आंतरिक अशांति पैदा करने की प्रवृत्ति होती है, जिससे धमकी दी जाती है. यह एकता, अखंडता और संप्रभुता के लिए खतरा है.
दलाल अवैध रोहिंग्या अप्रवासियों को कुमारघाट रेलवे स्टेशन (त्रिपुरा) से दिल्ली जाने वाली ट्रेनों में चढ़ने की सुविधा भी देते हैं. इन दलालों ने फर्जी आईडी का उपयोग करके और साथ ही फर्जी दस्तावेजों का उपयोग करके रोहिंग्याओं को धर्मनगर, कुमारघाट (त्रिपुरा) और बदरपुर (असम) से कोलकाता, दिल्ली, हैदराबाद और बेंगलुरु जाने वाली ट्रेनों में चढ़ने तक पहुंचाया.
गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान डालुगांव, उनाकोटी, त्रिपुरा के उत्तम पाल के रूप में हुई है. इसके अलावा कमलघाट, पश्चिम त्रिपुरा की काजल सरकार, पश्चिमी त्रिपुरा के कमलघाट के सागर सरकार, त्रिपुरा के सिपाहीजेला जिले के परवेज़ हुसैन उर्फ अब्दुल हुसैन, चांदपुर के मोहम्मद शहादत उर्फ सहादत एसके, जो एक बांग्लादेशी नागरिक हैं. इसके अलावा दलालों में शिब शंकर घोष उर्फ बोटो, बेलोनिया, दक्षिण त्रिपुरा, बेलोनिया, दक्षिण त्रिपुरा का कार्ति, बिजॉय बरुआ, चटगांव, बांग्लादेश से बांग्लादेशी दलाल शामिल हैं.
असम के डीआइजी ने कहा, 'दलाल रोहिंग्याओं को भारत में घुसने के लिए भारत-बांग्लादेश सीमा का इस्तेमाल कर रहे थे और फिर वे देश के विभिन्न हिस्सों में भेजने के लिए असम को गलियारे के रूप में उपयोग करने की कोशिश कर रहे थे. दलालों की गिरफ्तारी के बाद जांच से पता चला है कि उनमें से ज्यादातर लोग त्रिपुरा से काम कर रहे थे.'

सरकार ने राज्यसभा में बताया कि निजाम के 173 बहुमूल्य गहने 1995 से भारतीय रिजर्व बैंक के वॉल्ट में कड़ी सुरक्षा में रखे गए हैं. संस्कृति मंत्रालय ने इनके ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और विरासत महत्व को स्वीकार किया है. केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने स्पष्ट किया कि फिलहाल इन गहनों को हैदराबाद में स्थायी सार्वजनिक प्रदर्शनी के लिए स्थानांतरित करने का कोई निर्णय नहीं लिया गया है.

Delhi Weather: दिल्ली में फरवरी की शुरुआत मौसम में बदलाव के साथ होगी. जिसमें हल्की बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का दौर देखने को मिलेगा. IMD के अनुसार, 31 जनवरी से 3 फरवरी तक न्यूनतम तापमान 6-8 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 19-21 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा. जनवरी में असामान्य बारिश के बाद फरवरी की शुरुआत भी ठंडी और गीली रहने की संभावना है.

जम्मू-कश्मीर से लेकर हिमाचल प्रदेश तक पहाड़ों पर भारी बर्फबारी हो रही है और दृश्य अत्यंत सुंदर हैं. इस बर्फबारी के कारण कई पर्यटक इन जगहों की ओर जा रहे हैं. रास्तों पर भारी भीड़ और जाम की स्थिति बन गई है क्योंकि कई मार्ग बंद हो गए हैं. श्रीनगर में सुबह से लगातार बर्फबारी हो रही है जिससे मौसम में बदलाव आया है और तापमान गिरा है. पुलवामा, कुलगाम, शोपियां, गुरेज सहित अन्य क्षेत्र भी इस मौसम से प्रभावित हैं.

अमेरिका का ट्रंप प्रशासन इस महीने ‘ट्रंपआरएक्स’ नाम की एक सरकारी वेबसाइट लॉन्च करने की तैयारी में है, जिसके जरिए मरीज दवा कंपनियों से सीधे रियायती दरों पर दवाएं खरीद सकेंगे. सरकार का दावा है कि इससे लोगों का दवा खर्च कम होगा. हालांकि इस योजना को लेकर डेमोक्रेट सांसदों ने गलत तरीके से दवाएं लिखे जाने, हितों के टकराव और इलाज की गुणवत्ता पर सवाल उठाए हैं.

आज सबसे पहले दस्तक देने जा रहे हैं, पंजाब में ध्वस्त होते लॉ एंड ऑर्डर पर, पंजाब में बढ़ते, गैंग्स्टर्स, गैंगवॉर और गन कल्चर पर. जी हां पंजाब में इस वक्त एक दर्जन से ज़्यादा गैंग्स सरेआम कानून व्यवस्था की धज्जियां उड़ा रहे हैं, कानून के रखवालों के दफ्तरों के सामने हत्याओं को अंजाम दे रहे हैं, और तो और बिना डरे, पंजाब पुलिस, पंजाब सरकार को, पंजाब के नेताओं, मंत्रियों, उनके बच्चों, उनके रिश्तेदारों को धमकियां दे रहे हैं. देखें दस्तक.

देहरादून के विकासनगर इलाके में दुकानदार द्वारा दो कश्मीरी भाइयों पर हमला करने का मामला सामने आया है. खरीदारी को लेकर हुए विवाद के बाद दुकानदार ने मारपीट की, जिसमें 17 साल के नाबालिग के सिर में चोट आई. दोनों भाइयों की हालत स्थिर बताई जा रही है. पुलिस ने आरोपी दुकानदार संजय यादव को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच जारी है.

जिस मुद्दे पर नियम बनाकर UGC ने चुप्पी साध ली, राजनीतिक दल सन्नाटे में चले गए, नेताओं ने मौन धारण कर लिया.... रैली, भाषण, संबोधनों और मीडिया बाइट्स में सधे हुए और बंधे हुए शब्द बोले जाने लगे या मुंह पर उंगली रख ली गई. आखिरकार उन UGC नियमों पर सुप्रीम कोर्ट ने कड़े सवाल पूछते हुए इन्हें भेदभावपूर्ण और अस्पष्ट मानते हुए इन नियमों पर अस्थाई रोक लगा दी. आज हमारा सवाल ये है कि क्या इन नियमों में जो बात सुप्रीम कोर्ट को नजर आई... क्या वो जनता के चुने हुए प्रतिनिधियों को दिखाई नहीं दी?






