
अमरनाथ यात्रा के लिए धर्म गुरुओं को निमंत्रण, श्राइन बोर्ड के CEO ने दिया न्योता
AajTak
कोरोना संकट के बीच 28 जून से शुरू होने वाली अमरनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन की तारीख का ऐलान कर दिया गया है. अब 1 अप्रैल से अमरनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू होगा. श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड ने धार्मिक यात्रा के लिए धर्म गुरुओं को आने का न्योता दिया.
श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड (एसएएसबी) के सीईओ ने मंगलवार को उपराज्यपाल की ओर से पवित्र यात्रा के लिए हिंदू धर्म आचार्य सभा और अखाड़ा परिषद को आमंत्रित किया है. 1 अप्रैल से अमरनाथ यात्रा के लिए रजिस्ट्रेशन शुरू होगा और यह यात्रा 28 जून से शुरू हो रही है. केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल (LG) मनोज सिन्हा की ओर से जम्मू-कश्मीर के एलजी के मुख्य सचिव और श्री अमरनाथ श्राइन बोर्ड (एसएएसबी) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी नीतीश्वर कुमार ने इस संबंध में हरिद्वार में स्वामी अवधेशानंद गिरी जी महाराज (हिंदू धर्म आचार्य सभा के अध्यक्ष) और स्वामी नरेंद्र गिरी जी महाराज (अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष) को आमंत्रण पत्र सौंपा.
ग्रेटर नोएडा में कोहरे के कारण पानी से भरे बेसमेंट में गिरी कार हादसे में 27 साल के सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता की मौत हो गई. मौके पर मौजूद डिलिवरी ब्वॉय ने रस्सी बांधकर पानी में उतरकर बचाने की कोशिश की. लेकिन युवराज को बचाया नहीं जा सका. नोएडा के इंजीनियर युवराज की मौत के बाद डिलिवरी ब्वॉय को क्यों धमका रही पुलिस?

ट्रंप की ईरान को दी गई उस धमकी के बारे में बताएंगे जिसमें उन्होंने कहा कि कि ईरान दुनिया के नक्शे से मिट जाएगा. उनका ये बयान उस संदर्भ में आया है जिसमें दावा किया जा रहा है कि ईरान ट्रंप की हत्या कर सकता है. इस पर ट्रंप ने कहा अगर उन्हें कुछ भी हुआ तो अमेरिका की सेनाएं ईरान को धरती के नक्शे से मिटा देंगी. आज इस बात का विश्लेषण करेंगे कि क्या वाकई ईरान ट्रंप की हत्या की साजिश रच रहा है?

मौनी अमावस्या के दिन स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के स्नान को लेकर विवाद गहराया है. अविमुक्तेश्वरानंद सरकार पर कड़े तेवर दिखा रहे हैं. उन पर शंकराचार्य के अपमान का आरोप लगा है. समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. प्रयागराज में संगम नोज तक पालकी पर बैठकर अविमुक्तेश्वरानंद के स्नान करने से प्रशासन ने रोक लगा दी. समर्थकों और पुलिस के बीच झड़प भी हुई.

उत्तर प्रदेश की योगी सरकार और ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद आमने सामने हैं. स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सीधे सीधे योगी आदित्यनाथ को चुनौती दे रहे हैं तो प्रशासन स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से पूछ रहा है कि बताएं वो शंकराचार्य कैसे हैं. लेकिन बात अब इससे भी आगे बढ़ गई है. स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के विरोधी उन्हें स्वयंभू शंकराचार्य बता रेह हैं.









