
अपहरण-यौन शोषण मामले में अभिनेता दिलीप को बरी किए जाने के ख़िलाफ़ हाईकोर्ट पहुंची केरल सरकार
The Wire
केरल के एर्नाकुलम जिला एवं प्रधान सत्र न्यायालय ने पिछले साल दिसंबर में अभिनेता दिलीप और तीन अन्य लोगों को मलयालम फिल्म उद्योग की एक जानी-मानी अभिनेत्री के साथ 2017 में हुए यौन शोषण और अपहरण मामले में बरी कर दिया था, जिसके ख़िलाफ़ केरल सरकार ने हाईकोर्ट में अपील दायर की है.
नई दिल्ली: मलयालम फिल्म उद्योग की एक जानी-मानी अभिनेत्री के साथ 2017 में हुए यौन शोषण और अपहरण मामले में केरल सरकार ने शुक्रवार (27 फरवरी) को निचली अदालत द्वारा मलयालम सुपरस्टार दिलीप और अन्य लोगों को बरी किए जाने के फैसले को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में अपील दायर की है.
उल्लेखनीय है कि केरल के एर्नाकुलम जिला एवं प्रधान सत्र न्यायालय ने पिछले साल दिसंबर में अभिनेता दिलीप और तीन अन्य लोगों को इस मामले में बरी करते हुए यह कहा था कि अभियोजन पक्ष अभिनेता के खिलाफ आपराधिक साजिश के आरोपों को साबित नहीं कर सका है.
हालांकि, अदालत ने आरोपी सुनील एनएस उर्फ ‘पल्सर’ सुनी समेत छह अन्य लोगों को सामूहिक बलात्कार, अपहरण और साजिश समेत कई अपराधों का दोषी मानते हुए उन्हें 20 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई थी.
हिंदुस्तान टाइम्स के अनुसार, इस मामले में दिलीप के बरी होने पर नागरिक समाज और राजनीतिक हलकों में कई लोगों ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी. राज्य के कानून मंत्री पी. राजीव ने दिसंबर में कहा था कि राज्य सरकार अदालत द्वारा दिलीप को बरी किए जाने के फैसले को चुनौती देगी.
दिलीप के अलावा राज्य ने तीन अन्य आरोपियों – चार्ली थॉमस, सानिल कुमार और सरथ जी नायर – को बरी किए जाने के खिलाफ भी पुनर्विचार के लिए उच्च न्यायालय में याचिका दायर की है.
अपनी अपील में राज्य सरकार ने सुनील एनएस सहित छह दोषियों को दी गई सजा को बढ़ाने की भी अपील की है.

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