
Russia-Ukraine War: कीव पर कब्जे से पहले इरपिन क्यों बना युद्ध का रणक्षेत्र?
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इरपिन शहर से एक बड़े वर्ग को अब युद्ध में बरसते बमों के बीच से बाहर निकाल लिया गया है. लेकिन शहर की बर्बादी की कोई नहीं रोक पाया. ऐसा ही विध्वंस का गवाह क्या कुछ ही किमी दूर यूक्रेन का सबसे बड़ा और प्रमुख प्रांत राजधानी कीव भी हो जाएगा? यूक्रेन की राजधानी कीव के उत्तरी हिस्से में बसे इरपिन की हकीकत पिछले 48 घंटे कुछ ऐसी है. जहां रूस और यूक्रेन की जंग में नागरिक कब बारूद के धमाके के शिकार हो जाएं पता नहीं होता. जहां युद्ध विराम भी इस बात की गारंटी नहीं देता कि लोग आसानी से बाहर निकल पाएंगे. इरपिन में सोमवार को युद्धविराम के कुछ घंटों के बीच भी लगातार बमबारी होती रही. देखें ये रिपोर्ट.

वॉशिंगटन में शांति परिषद की पहली बैठक में गाजा पट्टी की वर्तमान स्थिति और क्षेत्रीय स्थिरता पर गहन चर्चा हुई. बैठक में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की भूमिका को मजबूत करने पर जोर दिया गया और निर्णय लिया गया कि गाजा में शांति बनाए रखने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल तैनात किया जाएगा. इस बल में इंडोनेशिया, मोरक्को, कजाकिस्तान, कोसोवो और अल्बानिया जैसे पांच देश अपने सैनिक भेजेंगे. देखें वीडियो.












