
Explainer: सिर्फ चार साल की नौकरी, NO पेंशन... जानिए अग्निपथ स्कीम से क्यों भड़के हुए हैं देश भर के युवा
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Agnipath Scheme: अग्निपथ स्कीम को लेकर विरोध बढ़ता जा रहा है. सेना में भर्ती के इस नये नियम की कई बातों पर आपत्ति जताई जा रही है.
अग्निपथ स्कीम (Agnipath Scheme) को लेकर देश के कई राज्यों में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. इसमें बिहार के युवा सबसे ज्यादा उग्र और गुस्से में नजर आ रहे हैं. सेना में भर्ती की नई स्कीम को लेकर बिहार में सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारी छात्रों की कई चिंताएं हैं. इसमें सबसे बड़ा सवाल यही है कि वे सेना में भर्ती के लिए जी-जान से मेहनत करते हैं. फिर इतनी मेहनत करके अगर सिर्फ चार साल की नौकरी मिलेगी तो क्या फायदा?
केंद्र सरकार, राज्य सरकार भले कह रही है कि विभिन्न मंत्रालयों, अर्धसैनिक बलों में अग्निवीरों को प्राथमिकता मिलेगी लेकिन युवा इससे संतुष्ट नहीं हैं. उनकी बड़ी चिंता यही है कि चार साल बाद आखिर वे लोग क्या करेंगे. ये छात्र इन बातों से भी नाराज हैं कि सेना की अबतक जो भर्ती प्रक्रिया चली आ रही थी, उसका फिजिकल होने के बावजूद इनको अबतक सेना की नौकरी नहीं मिली है.
अग्निपथ स्कीम का विरोध क्यों कर रहे युवा?
बिहार समेत कई राज्यों के छात्र अग्निपथ स्कीम के नियमों पर नाराज हैं. उनका कहना है कि अग्निपथ स्कीम में चार साल के कॉन्ट्रैक्ट में सेना में भर्ती किया जाएगा. फिर अनिवार्य सेवानिवृत्ति (रिटायरमेंट) दे दी जाएगी और ग्रैजुटी या पेंशन जैसे लाभ भी नहीं मिलेंगे जो कि उनकी नजर में ठीक नहीं है.
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गुरुवार को बिहार के मुजफ्फरपुर जिले (Muzaffarpur) में भी भारी विरोध प्रदर्शन हुआ. यह उन इलाकों में शामिल हैं जहां से बड़ी संख्या में युवा सेना में भर्ती होने जाते हैं.

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