
Coronavirus के खिलाफ जंग में DRDO का बड़ा कदम, 500 बेड्स का अस्पताल हो रहा तैयार
Zee News
कोरोना वायरस (Coronavirus) संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है, इस बीच DRDO बड़ा काम करने जा रहा है. आईसीयू सुविधाओं से लैस 500 बेड्स का अस्पताल तैयार किया जा रहा है.
नई दिल्ली: कोरोना (Coronavirus) के खिलाफ जंग में डीआरडीओ (DRDO) बड़ा काम कर रहा है. दिल्ली कैंट में अगले रविवार तक डीआरडीओ 500 बेड वाले आईसीयू (ICU) सुविधाओं से लैस अस्पताल की शुरुआत करने जा रहा है. पहले चरण में 7 दिनों के अंदर 250 बैड तैयार किए जाएंगे. DRDO to set up the hospital with 500 beds equipped with ICU facilities by next Sunday in Delhi Cantt. The first 250 beds would be ready in the first 7 days. Doctors would be provided by both military and paramilitary forces for treating patients: DRDO officials डीआरडीओ (DRDO) द्वारा तैयार किए जा रहे इस अस्पताल में मरीजों के इलाज के लिए सैन्य और अर्धसैनिक बलों द्वारा डॉक्टर प्रदान किए जाएंगे. बता दें, कोरोना संक्रमण तेजी से फैल रहा है. 72.23 प्रतिशत मामले केवल पांच राज्यों- महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, कर्नाटक, उत्तर प्रदेश और केरल के हैं. देश में संक्रमितों की संख्या करीब साढ़े छह महीने बाद एक बार फिर 10 लाख का आंकड़ा पार कर गई है. — ANI (@ANI)
Rafale vs J-20 Mighty Dragon: राफेल और चीन के J-20 माइटी ड्रैगन के बीच तुलना में स्टील्थ बनाम सेंसर शक्ति की बहस तेज है. J-20 को रडार से बचने में बढ़त मिल सकती है, जबकि राफेल इलेक्ट्रॉनिक वॉरफेयर और सेंसर फ्यूजन में मजबूत है. आधुनिक हवाई युद्ध में नेटवर्क, मिसाइल रेंज और रणनीति निर्णायक भूमिका निभाते हैं.

India AI Impact Summit: यह समिट आम लोगों के लिए खुलेगा. इसमें दिखेगा कि AI असल जिंदगी में कैसे काम करता है. यह खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा और डेली के समस्याओं को हल करने में मदद कर सकता है. Expo में 70000 वर्ग मीटर से बड़ा एरिया होगा. जिसमें 30 से अधिक देशों की 300+ कंपनियां अपने AI प्रोडक्ट्स और टेक्नोलॉजी दिखाएंगी. छात्रों के लिए YUVAi और AI for ALL जैसे प्रोग्राम होंगे.

Vibhav Anti-Tank Mines: विभव माइन को खास तौर पर मोबिलिटी किल यानी दुश्मन टैंक को पूरी तरह नष्ट करने के लिए नहीं बनाया गया है. बल्कि उसकी गति रोकने के लिए डिजाइन किया गया है. यह टैंक के ट्रैक, सस्पेंशन या ड्राइव सिस्टम को नुकसान पहुंचाकर उसे वहीं रोक देती है. इससे वह आगे बढ़ने में असमर्थ हो जाता है. इससे आसान निशाना बन जाता है.

DISC 12 Helicopter Landing System: भारत में हेलिकॉप्टर अक्सर पहाड़ी इलाकों, अग्रिम चौकियों और अस्थायी हेलिपैड पर उतरते हैं. जहां बुनियादी ढांचा बहुत कम होता है. ऐसे स्थानों पर पायलट अधिकतर दृश्य संकेतों के आधार पर लैंडिंग करते हैं. लेकिन कोहरा, धूल, बर्फबारी या खराब मौसम की स्थिति में यह तरीका जोखिम भरा हो सकता है.

Boeing P-8I Neptune Aircraft: Boeing P-8I Neptune विमानों की अतिरिक्त खरीद की जा रही है. इससे लंबी दूरी की एंटी-सबमरीन वॉरफेयर (ASW), समुद्री निगरानी और समुद्री हमले की क्षमता को मजबूत करेगी. यह विमान अमेरिकी कंपनी Boeing द्वारा बनाए जाते हैं. इन 6 विमानों के शामिल होने के बाद भारतीय नौसेना के पास कुल 18 P-8I विमान हो जाएंगे. इससे भारत, अमेरिका के बाद, इस विमान परिवार का दूसरा सबसे बड़ा ऑपरेटर बन जाएगा.








