
Benefits of Wearing Neelam Stone: शनि दोष दूर करता है नीलम, रत्न धारण करने से पहले बरतें ये सावधानी
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रत्न शास्त्र (Ratna Shastra) के अनुसार मान्यता है कि यदि नीलम रत्न किसी व्यक्ति को रास आ जाए तो शुभ एवं लाभकारी फल देता है. लेकिन दोषपूर्ण स्थिति में नीलम रत्न धारण करने से लाभ की बजाय हानि भी हो सकती है. नीलम रत्न धारण करते वक्त सावधान रहना जरूरी है.
ज्योतिषशास्त्र में नौ ग्रहों के उपायों के लिए नौ रत्न और विभिन्न उपरत्नों का विशेष योगदान होता है. इनमें सबसे महत्वपूर्ण रत्न हीरा, माणिक, पुखराज, नीलम और पन्ना हैं. नीलम (Neelam Stone) शनि ग्रह का प्रतिनिधि रत्न है, जो काफी प्रभावशाली माना जाता है. रत्नशास्त्र (Ratna Shastra) के अनुसार नीलम शनि का मुख्य रत्न है. इस रत्न का रंग नीला होने के कारण इसको नीलम कहा जाता है. शनि ग्रह को संतुलित करने एवं शुभ लाभ प्राप्त करने के लिए नीलम रत्न को धारण किया जाता है. रत्न शास्त्र के अनुसार मान्यता है कि यदि नीलम रत्न किसी व्यक्ति को रास आ जाए तो शुभ एवं लाभकारी फल देता है. लेकिन दोषपूर्ण स्थिति में नीलम रत्न धारण करने से लाभ की बजाय हानि भी हो सकती है. रत्नशास्त्र के मुताबिक नीलम धारण करते वक्त सावधान रहना जरूरी है.
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