
Afghanistan में भुखमरी के हालात, पेट पालने के लिए बेटियों को बेचने पर मजबूर हुए लोग
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द फूड एंड एग्रीकल्चर ऑर्गेनाइजेशन की एक रिपोर्ट के मुताबिक अफ़गानिस्तान में हर रोज़ क़रीब 18.8 मिलियन लोग यानी करीब 1 करोड़ 90 लाख लोगों के सामने अपना पेट भरने की भयानक समस्या आन खड़ी हुई है. यहां तक कि लोग अपना घर चलाने के लिए छोटे-छोटे बच्चों और अपनी बेटियों तक को बेचने पर मजबूर होने लगे हैं. फोर्ब्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक एक मामले में तो एक परिवार ने अपनी 6 महीने की एक बच्ची को 3350 डॉलर और 18 महीने की एक बच्ची को 2800 डॉलर में बेच दिया. दूसरे मामले में 9 साल की एक बच्ची को 2200 डॉलर में बेचने की ख़बर आई. हालात इतने बुरे हैं कि ये 2200 डॉलर भी भेड़, ज़मीन और दूसरी ज़रूरत की चीज़ों के रूप में चुकाई गई. यूनिसेफ़ की रिपोर्ट बताती है कि भुखमरी ने ही अफगानिस्तान में एकाएक बाल विवाह के मामलों में भी इज़ाफ़ा कर दिया है.

वॉशिंगटन में शांति परिषद की पहली बैठक में गाजा पट्टी की वर्तमान स्थिति और क्षेत्रीय स्थिरता पर गहन चर्चा हुई. बैठक में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की भूमिका को मजबूत करने पर जोर दिया गया और निर्णय लिया गया कि गाजा में शांति बनाए रखने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय स्थिरीकरण बल तैनात किया जाएगा. इस बल में इंडोनेशिया, मोरक्को, कजाकिस्तान, कोसोवो और अल्बानिया जैसे पांच देश अपने सैनिक भेजेंगे. देखें वीडियो.

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