
11 केस, फर्जी पासपोर्ट, सलमान के घर हमला और बाबा सिद्दीकी का मर्डर... अमेरिका में पकड़े गए अनमोल बिश्नोई की क्राइम कुंडली
AajTak
अनमोल बिश्नोई को कई आपराधिक मामलों में आरोपी बनाया गया है, जिसमें जबरन वसूली और हत्या की साजिशों से लेकर हाई-प्रोफाइल व्यक्तियों की जान लेने की कोशिशें शामिल हैं. सबसे उल्लेखनीय आरोपों में बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान के आवास पर हमले और वरिष्ठ राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या की साजिश.
जेल में बंद कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का भाई अनमोल बिश्नोई अब भारत में अंजाम दिए गए आपराधिक मामलों के सिलसिले में मोस्ट वॉन्टेड बन चुका है. जिसका नाम एक बार फिर सुर्खियों में है, क्योंकि अंतरराष्ट्रीय एजेंसी के अधिकारियों ने उसे अमेरिका में गिरफ्तार कर लिया है. कई संगठित अपराधों और सनसनीखेज मामलों में उसका नाम आया तो वो भारतीय सुरक्षा एजेंसियों के रडार पर आ गया. अब उसे इंसाफ के कटघरे में लाने के लिए डिपोर्ट करने की कोशिश तेज हो गई हैं. अनमोल बिश्नोई अब जुर्म की दुनिया में अपने भाई की तरह एक कुख्यात चेहरा बन गया है.
कौन है अनमोल बिश्नोई? अनमोल बिश्नोई उर्फ भानु कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का भाई है. वह गायक-राजनेता सिद्धू मूसेवाला की हत्या में भी आरोपी है. साल 2023 में, एजेंसी ने उसके खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी. रिपोर्ट के अनुसार, वह फर्जी पासपोर्ट पर भारत से भाग गया था. वह कथित तौर पर अपने ठिकाने बदलता रहता है और पिछले साल उसे केन्या और इस साल कनाडा में देखा गया था. एक समाचार रिपोर्ट के अनुसार, उस पर 18 आपराधिक मामले दर्ज हैं और वह जोधपुर जेल में सजा काट चुका है. उसे 7 अक्टूबर 2021 को जमानत पर रिहा किया गया था.
इसी साल 14 अप्रैल को सुपर स्टार सलमान खान के घर गैलेक्सी अपार्टमेंट के बाहर गोलीबारी की गई थी. इस मामले की जांच कर रही मुंबई क्राइम ब्रांच ने वांछित आरोपी अनमोल बिश्नोई के खिलाफ गोलीबारी मामले में कथित संलिप्तता के लिए लुकआउट सर्कुलर (LOC) नोटिस जारी किया था. घटना के बाद उसने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर कर गोलीबारी की जिम्मेदारी ली थी.
गैंगस्टर अनमोल बिश्नोई, भारत में सबसे ज़्यादा वांछित भगोड़ों में से एक है. उसका नाम कई हिंसक अपराधों से जुड़ा है, जिसमें हाई-प्रोफाइल हत्या की साजिशें और सार्वजनिक क्षेत्र में आतंक फैलाने की कोशिशें शामिल हैं. हाल ही में संयुक्त राज्य अमेरिका में गिरफ़्तार किए गए अनमोल बिश्नोई के मामले ने कानून प्रवर्तन एजेंसियों और मीडिया का काफी ध्यान अपनी ओर खींचा है.
अनमोल के ख़िलाफ आरोप अनमोल बिश्नोई को कई आपराधिक मामलों में आरोपी बनाया गया है, जिसमें जबरन वसूली और हत्या की साजिशों से लेकर हाई-प्रोफाइल व्यक्तियों की जान लेने की कोशिशें शामिल हैं. सबसे उल्लेखनीय आरोपों में बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान के आवास पर हमले और वरिष्ठ राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) नेता बाबा सिद्दीकी की हत्या की साजिश में उनकी कथित संलिप्तता शामिल है. उसकी करतूतों ने न केवल सामाजिक शांति को बाधित किया है, बल्कि उन्हें पकड़ने के लिए काम करने वाली कानून प्रवर्तन एजेंसियों के लिए भी बड़ी चुनौतियां खड़ी कर दी हैं.
अनमोल का आपराधिक इतिहास अनमोल बिश्नोई की आपराधिक गतिविधियां उसके बड़े भाई लॉरेंस के नक्शेकदम पर चलती नजर आती हैं, जो पहले से ही अंडरवर्ल्ड का एक कुख्यात नाम है. साथ में, बिश्नोई गिरोह भारत और विदेशों में अवैध गतिविधियों के एक व्यापक नेटवर्क में शामिल रहा है. अनमोल का सबसे हाई-प्रोफाइल अपराध मुंबई में सलमान खान के आवास पर हमले की योजना बनाना और उसे अंजाम देना था. इस हमले के पीछे की वजह बदला लेना था. क्योंकि बिश्नोई समुदाय के लिए काला हिरण श्रद्धा का प्रतीक बताया जाता है. और काला हिरण का शिकार करने के लिए सलमान खान को दोषी ठहराया गया था. सौभाग्य से, हमले में किसी को नुकसान नहीं पहुंचा, लेकिन इस हमले ने बॉलीवुड और आम जनता को झकझोर कर रख दिया था.

अमेरिका ने ब्रिटेन, फ्रांस,इजरायल और चार अरब देशों के साथ मिलकर ईरान पर हमले की गुप्त टारगेट लिस्ट तैयार की है. मेन टारगेट न्यूक्लियर साइट्स (फोर्डो, नंटाज, इस्फाहान), IRGC कमांडर्स, बैलिस्टिक मिसाइल फैक्ट्रीज और स्ट्रैटेजिक बेस हैं. ट्रंप ने प्रदर्शनों और न्यूक्लियर प्रोग्राम को लेकर धमकी दी है, लेकिन अभी हमला नहीं हुआ. अरब देश युद्ध से डर रहे हैं.

सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी द्वारा लागू किए गए नए नियमों पर रोक लगा दी है. छात्रों ने इस फैसले का स्वागत किया है और कहा कि यूजीसी का यह कानून छात्रों में भेदभाव उत्पन्न करता है. छात्रों का कहना है कि वे नियमों में बदलाव नहीं बल्कि पुराने नियमों को वापस चाहते हैं. यदि नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया तो वे भविष्य में भी प्रदर्शन जारी रखेंगे.

जोधपुर में साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध मौत के बाद उनके पैतृक गांव में समाधि दी जाएगी. जुकाम के इलाज में लगाए गए इंजेक्शन के महज 30 सेकंड बाद तबीयत बिगड़ने से मौत का दावा किया जा रहा है. घटना से संत समाज में गहरी नाराजगी है. संतों ने निष्पक्ष जांच, दोषियों पर सख्त कार्रवाई और सोशल मीडिया पर अनर्गल लिखने वालों पर कार्रवाई की मांग की है.

दिल्ली के जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह वर्मा ने सार्वजनिक शिकायतों के निपटारे में लापरवाही के आरोपों पर राजेंद्र नगर, कन्हैया नगर और अशोक विहार के जोनल रेवेन्यू अधिकारियों और कन्हैया नगर के एक असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर को सस्पेंड कर दिया. अचानक निरीक्षण में प्रशासनिक खामियां मिलने के बाद उन्होंने विभागीय कार्रवाई और प्रभावित जोनों में तत्काल नए अधिकारियों की तैनाती के आदेश दिए हैं.

देश के शिक्षण संस्थानों में दलित और आदिवासी छात्रों और शिक्षकों के साथ होने वाले भेदभाव को खत्म करने के लिए विश्विद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने नए नियम लागू किए थे, जिसे लेकर विरोध इतना बढ़ गया कि मामला अदालत तक पहुंच गया. सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल रोक लगा दी है, जिसे लेकर राजनीतिक दलों के नजरिए अलग-अलग दिखे.

दक्षिण मुंबई के फोर्ट इलाके में पुलिसकर्मी बनकर एक केन्याई महिला से 66 लाख रुपये की ठगी करने के मामले में पुलिस ने ठाणे से 48 वर्षीय सुरेश रंगनाथ चव्हाण को गिरफ्तार किया है. उसका एक साथी अभी फरार है. 21 जनवरी को एम. जी. रोड पर आरोपी ने अपने साथी के साथ महिला की टैक्सी रोककर जांच के बहाने 66.45 लाख रुपये से भरे बैग जब्त किए और पुलिस स्टेशन चलने का कहकर फरार हो गया.







