
सीजफायर के 3 घंटे बाद ही फायरिंग पर आमादा पाकिस्तान... क्या ये शहबाज और असीम मुनीर के बीच टकराव का नतीजा है?
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पाकिस्तान के आर्मी चीफ असीम मुनीर की आक्रामक सैन्य नीति और भारत के खिलाफ उकसावे की रणनीति को युद्धविराम उल्लंघन का मुख्य कारण माना जा रहा है. कुछ विश्लेषकों का मानना है कि मुनीर घरेलू असंतोष और सेना की आलोचना से ध्यान हटाने के लिए भारत के साथ तनाव बढ़ा रहे हैं.
पाकिस्तान ने एक बार फिर से अपना असली रंग दिखा ही दिया है. 10 मई 2025 को युद्धविराम की घोषणा के 3 घंटे बाद ही पाकिस्तानी सेना ने जम्मू-कश्मीर, राजस्थान, और गुजरात के सीमावर्ती क्षेत्रों में फायरिंग शुरू कर दी, साथ ही ड्रोन गतिविधियां भी देखी गईं. श्रीनगर में सेना मुख्यालय के पास भारतीय सुरक्षा बलों ने 4 ड्रोन मार गिराये हैं.
सवाल है कि सीजफायर की घोषणा के बावजूद भी पाकिस्तान की सेना इस समझौते को सम्मान क्यों नहीं कर रही है.
संकेत हैं कि पाकिस्तानी सेना का कट्टरपंथी गिरोह अपने राजनीतिक नेतृत्व से विद्रोह करने की कगार पर है. पाकिस्तान का सैन्य नेतृत्व अपने राजनीतिक नेतृत्व द्वारा किए गए समझौते को मानने से इनकार कर रहा है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और पाकिस्तान के अनुरोध की दखल के बाद हुए युद्धविराम का भारत सरकार ने तो मान रखा, लेकिन पाकिस्तानी सेना के लिए मर्यादा मायने नहीं रखती. युद्ध विराम की घोषणा के तीन घंटे बाद ही पाकिस्तानी सेना ने जम्मू-कश्मीर में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर गोलीबारी शुरू कर दी.
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पाकिस्तान के आर्मी चीफ असीम मुनीर की आक्रामक सैन्य नीति और भारत के खिलाफ उकसावे की रणनीति को युद्धविराम उल्लंघन का मुख्य कारण माना जा रहा है. कुछ विश्लेषकों का मानना है कि मुनीर घरेलू असंतोष और सेना की आलोचना से ध्यान हटाने के लिए भारत के साथ तनाव बढ़ा रहे हैं.

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