
रूसी बॉर्डर के इतने अंदर घुसकर यूक्रेन ने कैसे किए ड्रोन अटैक, 5 Videos में देखें
AajTak
1 जून 2025 को दुनिया हैरान हो गई, जब यूक्रेन ने दावा किया कि उसने रूस के अंदर 5 एयरबेस पर हमला कर 40 से ज्यादा बॉम्बर विमान तबाह कर दिए. यह हमला किसी मिसाइल से नहीं, बल्कि छोटे लेकिन बेहद खतरनाक FPV ड्रोन से किया गया था। यह हमला ऐसे वक्त हुआ, जब एक दिन बाद ही दोनों देशों के नेताओं की इस्तांबुल में अमेरिका समर्थित सीजफायर के लिए मुलाकात होने की संभावना थी.
1 जून 2025 को दुनिया हैरान हो गई, जब यूक्रेन ने दावा किया कि उसने रूस के अंदर 5 एयरबेस पर हमला कर 40 से ज्यादा बॉम्बर विमान तबाह कर दिए. यह हमला किसी मिसाइल से नहीं, बल्कि छोटे लेकिन बेहद खतरनाक FPV ड्रोन से किया गया था। यह हमला ऐसे वक्त हुआ, जब एक दिन बाद ही दोनों देशों के नेताओं की इस्तांबुल में अमेरिका समर्थित सीजफायर के लिए मुलाकात होने की संभावना थी.
इस हमले में ऐसे ड्रोन इस्तेमाल किए गए जो ट्रकों के अंदर छिपाए गए थे. अब इस हमले को pro-Moscow मिलिट्री ब्लॉगर्स ने 'रूसी पर्ल हार्बर' करार दिया है.
(FPV) ड्रोन का हुआ इस्तेमाल
यूक्रेन की सुरक्षा सेवा (SBU) ने इस मिशन को अंजाम दिया है. इस हमले में (FPV) ड्रोन का इस्तेमाल किया गया. इन ड्रोन ने रूस के 41 भारी बॉम्बर विमानों और अन्य युद्धक विमानों को निशाना बनाया. ये सभी विमान चार अलग-अलग एयरबेस पर तैनात थे. कई रिपोर्ट में दावा किया गया ये ड्रोन रूस के अंदर 4200 से 4500 किलोमीटर तक घुसे.
यूक्रेन की सुरक्षा सेवा (SBU) ने एक वीडियो शेयर किया, जिसमें रूसी एयरबेस पर जलते हुए बॉम्बर विमान दिखाई दे रहे हैं. इस हमले में A-50, Tu-95, और Tu-22 M3 जैसे रूसी सैन्य विमान नष्ट हुए। वीडियो में ड्रोन को ट्रकों से उड़ते हुए और सटीक हमले करते दिखाया गया है.
देखें वीडियो

ऑडी ने भारतीय बाजार में अपनी नई कार को लॉन्च कर दिया है, जो पावरफुल V8 इंजन के साथ आती है. ये कार महज 4.1 सेकंड में 0 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ लेती है. 5 मीटर से लंबी इस ऑडी में कमाल के फीचर्स दिए गए हैं. इस SUV में 10.1-इंच का टचस्क्रीन इंफोटेनमेंट सिस्टम मिलता है. आइए जानते हैं इसकी खास बातें.

देश में IAS अधिकारियों की कुल 1,300 पदों पर भारी कमी है, जिससे प्रशासनिक कार्य प्रभावित हो रहे हैं. संसदीय समिति ने 25% रिक्त पदों को तुरंत भरने, डेटा आधारित भर्ती प्रक्रिया अपनाने और अफसरों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए वेलफेयर प्लान लागू करने की सिफारिश की है. उत्तर प्रदेश, केरल जैसे राज्यों में कमी सबसे ज्यादा है.











