
मैच 'ड्रॉ' होने के बावजूद फाइनल में पहुंची केएल राहुल की टीम, जानें किस नियम के तहत हुआ कमाल
ABP News
रणजी ट्रॉफी एलीट 2025-26 का दूसरा सेमीफाइनल ड्रॉ पर खत्म हुआ, लेकिन फिर भी केएल राहुल की टीम ने फाइनल में जगह हासिल कर ली. तो आइए जानते हैं कि यह किस नियम के तहत हुआ.
रणजी ट्रॉफी 2025-26 एलीट का दूसरा सेमीफाइनल मुकाबला उत्तराखंड और कर्नाटक के बीच लखनऊ के इकाना स्टेडियम में खेला गया. मुकाबला ड्रॉ पर समाप्त हुआ, जिसके बाद भी केएल राहुल की टीम ने फाइनल में जगह बना ली. टीम के लिए राहुल ने दोनों पारियों में अहम योगदान दिया. तो आइए जानते हैं कि आखिर कैसे मैच ड्रॉ होने के बाद भी राहुल की टीम कर्नाटक फाइनल में पहुंच गई.
आपको बता दें कि रणजी ट्रॉफी के नॉकआउट मैच (सेमीफाइनल, फाइनल) ड्रॉ होने पर उस टीम को विजेता घोषित किया जाता है, जिसने पहली पारी में बढ़त हासिल की होती है. कर्नाटक और उत्तराखंड के मैच में भी इसी तरह से विजेता का फैसला हुआ. कर्नाटक ने पहली पारी में बढ़त हासिल की थी, जिसके चलते मैच ड्रॉ होने पर भी टीम को फाइनल में जगह मिल गई.
बता दें कि कर्नाटक ने 11 साल के लंबे इंतजार के बाद रणजी ट्रॉफी के फाइनल में जगह हासिल की. वहीं दूसरी तरफ जम्मू एंड कश्मीर की टीम पहला सेमीफाइनल जीतकर पहली बार रणजी ट्रॉफी के फाइनल में पहुंची थी. दोनों के बीच खिताबी मुकाबला 24 फरवरी से खेला जाएगा.
मुकाबले में पहले बैटिंग के लिए उतरी कर्नाटक की टीम ने पहली पारी में 736/10 रनों का विशाल टोटल बोर्ड पर लगाया. टीम के लिए कप्तान देवदत्त पडिक्कल ने सबसे बड़ी पारी खेलते हुए 29 चौके और 3 छक्कों की मदद से 232 रन बोर्ड पर लगाए. इसके अलावा केएल राहुल ने 11 चौके और 5 छक्कों की मदद से 141 रन स्कोर किए. बाकी नंबर पांच पर बैटिंग के लिए उतरे स्मरण रविचंद्रन ने 12 चौकों की मदद से 135 रनों की पारी खेली.













