
मिज़ोरम: पत्थर की खदान धंसने की घटना में कम से कम आठ लोगों की मौत, चार लापता
The Wire
दक्षिण मिजोरम के हनहथियाल जिले में यह हादसा सोमवार दोपहर तीन बजे हुआ, जब एबीसीआई इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड के श्रमिक जिले के मौदढ़ गांव में स्थित पत्थर की इस खदान में काम कर रहे थे. खदान धंसने की घटना में 12 लोग लापता हो गए थे. इनमें से चार एबीसीआई इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड के कर्मचारी थे, जबकि आठ अन्य एक ठेकेदार के साथ काम करते थे.
आइजोल: दक्षिण मिजोरम के हनहथियाल जिले में सोमवार को ढही पत्थर की एक खदान के मलबे से आठ शव बरामद किए गए हैं. एक अधिकारी ने मंगलवार को यह जानकारी दी. #DramaticVisuals– moments when a dozen labourers from Bihar got trapped after a stone quarry collapsed in Mizoram today at Maudarh, Hnahthial district,a massive multi-agency rescue operation is on @ndtv Reports. pic.twitter.com/CwDR1VwBzk Mizoram | Eight bodies recovered so far from site at Maudarh village in Mizoram's Hnahthial district. BSF rescue team was immediately dispatched and arrived as first response unit. NDRF team reached the spot on Tuesday morning, search operation for 4 more on
हनहथियाल के जिला उपायुक्त आर लालरेमसंगा ने बताया कि खदान धंसने की घटना में 12 लोग लापता हो गए थे और मंगलवार सुबह 7:00 बजे तक इनमें से आठ लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं. — Ratnadip Choudhury (@RatnadipC) November 14, 2022 (Source: BSF) pic.twitter.com/Y7jkXUS3xt
हिंदुस्तान टाइम्स ने हनहथियाल जिले के डिप्टी कमिश्नर आर लालरेमसंगा के हवाले से कहा है कि पीड़ितों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है. लालरेमसंगा ने कहा, ‘हमें सत्यापित करने के लिए रिकॉर्ड की जांच करनी होगी.’ — ANI (@ANI) November 15, 2022
उन्होंने कहा कि घटनास्थल पर तलाश अभियान जारी है. मंलवार सुबह राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की एक टीम वहां पहुंची, जिनमें दो अधिकारी और 13 जवान शामिल हैं.

महाराष्ट्र में गिरफ़्तार किए गए रेप आरोपी स्वयंभू 'धर्मगुरु' मामले में विपक्ष ने उन नेताओं और मंत्रियों के ख़िलाफ़ कार्रवाई की मांग की है, जिनका अशोक खरात से किसी भी प्रकार का संबंध है. विपक्ष का कहना है कि राजनीतिक नेताओं से साठ-गांठ के चलते संभावना है कि राज्य सरकार इस मामले को दबाने की कोशिश करेगी.

योगी आदित्यनाथ की पहचान भारत के सबसे ज़्यादा आबादी वाले राज्य के मुख्यमंत्री के तौर पर इस वजह से विशेष रही कि उन्होंने एक अभियान चलाकर नफ़रती भाषण और नफ़रती अपराधों के सभी आरोपियों को बरी कर दिया- और इस अभियान की शुरुआत मुख्यमंत्री ने ख़ुद से ही की. वे देश के सबसे ज़्यादा ध्रुवीकरण करने वाले, लेकिन साथ ही बेहद लोकप्रिय कट्टरपंथी हिंदुत्ववादी नेताओं में से एक हैं.

महाराष्ट्र के एक स्वयंभू ‘धर्मगुरु’ अशोक खरात को पुलिस ने नासिक से गिरफ़्तार किया है. उन पर एक 35 वर्षीय महिला के साथ तीन साल तक बार-बार रेप करने और आपत्तिजनक वीडियो बनाने का आरोप है. हाल ही में राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष द्वारा उनके पैर धोने का वीडियो वायरल हुआ, जिसके बाद उनका विरोध तेज़ हो गया था.

एयर इंडिया, इंडिगो और स्पाइसजेट का प्रतिनिधित्व करने वाले फेडरेशन ऑफ इंडियन एयरलाइंस (एफआईए) ने नागरिक उड्डयन मंत्रालय से उड़ानों में कम से कम 60% सीटों के चयन के लिए कोई शुल्क न लेने के फैसले को वापस लेने का आग्रह किया है. समूह का कहना है कि इस कदम से एयलाइंस को हवाई किराए बढ़ाने पर मजबूर होना पड़ेगा.

आरजी कर अस्पताल में बलात्कार और हत्या की शिकार जूनियर डॉक्टर की मां ने गुरुवार को कहा कि उन्होंने भाजपा के उम्मीदवार के रूप में पनिहाटी सीट से विधानसभा चुनाव लड़ने पर सहमति दे दी है. प्रदेश भाजपा की ओर से इस बारे में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है. हालांकि भाजपा ने उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी की है, जिसमें इस सीट पर कोई प्रत्याशी घोषित नहीं किया गया है.

केंद्र सरकार ने संसद में बताया कि देशभर में 2017 से अब तक सीवर और सेप्टिक टैंक की ख़तरनाक सफाई के दौरान 622 सफाईकर्मियों की मौत हो चुकी है. 539 परिवारों को पूरा मुआवज़ा दिया गया, जबकि 25 परिवारों को आंशिक मुआवज़ा मिला. मौतों के मामले में उत्तर प्रदेश 86 के साथ सबसे ऊपर है, इसके बाद महाराष्ट्र (82), तमिलनाडु (77), हरियाणा (76), गुजरात (73) और दिल्ली (62) का स्थान है.

उत्तराखंड हाईकोर्ट ने कोटद्वार के ‘मोहम्मद’ दीपक की याचिका पर नाराज़गी ज़ाहिर करते हुए कहा कि एक 'संदिग्ध आरोपी' होने के नाते वह अपनी मनचाही राहत, जैसे सुरक्षा और पुलिस अधिकारियों के ख़िलाफ़ विभागीय जांच की मांग नहीं कर सकते. दीपक ने बीते महीने कोटद्वार में एक मुस्लिम बुज़ुर्ग के साथ दक्षिणपंथी संगठनों द्वारा की जा रही बदसलूकी का विरोध किया था.

यह त्रासदी नवंबर 2014 में बिलासपुर ज़िले के नेमिचंद जैन अस्पताल (सकरी), गौरेला, पेंड्रा और मरवाही में आयोजित सरकारी सामूहिक नसबंदी शिविरों के दौरान हुई थी. ज़िला अदालत ने आरोपी सर्जन को ग़ैर-इरादतन हत्या का दोषी ठहराया और दो साल की क़ैद, 25,000 रुपये का जुर्माना लगाया. साथ ही पांच अन्य आरोपियों को बरी कर दिया.

वी-डेम की वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार, 2025 के अंत तक दुनिया में 92 तानाशाही वाले देश और 87 लोकतांत्रिक देश मौजूद थे. भारत अभी भी 'चुनावी तानाशाह' बना हुआ है, इस श्रेणी में वह 2017 में शामिल हुआ था. 179 देशों में सें भारत लिबरल डेमोक्रेसी इंडेक्स में 105वें स्थान पर है. पिछले वर्ष यह 100वें स्थान पर था.




