
भारत-पाकिस्तान के सुधरते रिश्तों पर क्या बोले उमर अब्दुल्ला?
AajTak
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला का कहना है कि भारत-पाकिस्तान के बीच अच्छे संबंध न सिर्फ जम्मू-कश्मीर बल्कि पूरे दक्षिण एशिया के लिए बेहतर हैं.
पिछले कुछ दिनों से भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव में कमी लाने की कोशिशें जारी हैं. इसी हफ्ते सिंधु नदी के पानी के बंटवारे को लेकर भारत-पाकिस्तान की बैठक दिल्ली में हुई. उससे पहले संघर्षविराम पर भी सहमति बनी. इन सबसे भारत और पाकिस्तान के रिश्ते सुधरने के संकेत मिले हैं. इस पर जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी खुशी जताई है. उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच शांतिपूर्ण संबंध स्थापित होना, न सिर्फ जम्मू-कश्मीर के लिए बल्कि दक्षिणी एशिया के लिए बेहतर होगा. 'हम बहुत आगे बढ़ रहे हैं'
आज जब वक्त इतना कीमती हो गया है कि लोग हरेक चीज की दस मिनट में डिलीवरी चाहते हैं. वहीं दूसरी तरफ विडंबना ये है कि भारत का एक शहर ऐसा है जहां इंसान को कहीं जाने के लिए सड़कों पर ट्रैफिक में फंसना पड़ता है. यहां हर साल औसतन 168 घंटे लोग ट्रैफिक में फंसे रहते हैं. यानी पूरे एक हफ्ते का समय सिर्फ ट्रैफिक में चला जाता है.

जिस शहर की फायरब्रिगेड के पास छोटे से तालाब के पानी से एक शख्स को निकालने के लिए टूल नहीं है, वह किसी बड़े हादसे से कैसे निबटेगा. युवराज मेहता की मौत ने नोएडा की आपदा राहत तैयारियां की कलई खोल दी है. सवाल यह है कि जब नोएडा जैसे यूपी के सबसे समृद्ध शहर में ये हालात हैं तो बाकी शहर-कस्बों की स्थिति कितनी खतरनाक होगी.

दिल्ली-एनसीआर में वायु गुणवत्ता में सुधार के कारण कमीशन ऑफ एयर क्वालिटी इंप्रवूमेंट (CAQM) ने GRAP-3 पाबंदियां हटा दी हैं. AQI में सुधार के चलते अब कंस्ट्रक्शन और आवाजाही पर लगी पाबंदियों में राहत मिली है. IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, आने वाले दिनों में AQI 'एवरेज' से 'खराब' श्रेणी में रह सकता है, जिसके कारण GRAP-3 के तहत गंभीर पाबंदियां लागू नहीं की जाएंगी.

AIMIM प्रवक्ता वारिस पठान ने स्पष्ट किया है कि मुसलमानों ने अब फैसला कर लिया है कि वे अब किसी भी ऐसे व्यक्ति को समर्थन नहीं देंगे जो केवल जातीय विभाजन करता है, बल्कि वे उस नेता के साथ जाएंगे जो विकास की बात करता है. उनका यह बयान समाज में सकारात्मक बदलाव और विकास को प्राथमिकता देने की दिशा में है. मुसलमान अब ऐसे नेताओं के साथ खड़े होंगे जो उनकी बेहतरी और समाज के समग्र विकास के लिए काम करें.









