
भारतीय अधिकारियों ने तालिबान के नेताओं से की गुपचुप मुलाकात?
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कतर के विशेष दूत के मुताबिक, भारतीय अधिकारियों ने दोहा में तालिबान के नेताओं से मुलाकात के लिए गोपनीय दौरा किया है. भारत लंबे समय से तालिबान के साथ सीधी बातचीत करने से बचता रहा है. हालांकि, अफगानिस्तान से अमेरिकी सेना की वापसी के बाद तालिबान की अहम भूमिका को नजरअंदाज करना मुश्किल है.
भारतीय अधिकारियों ने तालिबानी नेताओं से बातचीत के लिए दोहा का गुपचुप दौरा किया है. कतर के एक शीर्ष अधिकारी ने ये जानकारी दी है. ये पहली बार है जब तालिबान के साथ वार्ता में शामिल किसी अधिकारी ने भारत और तालिबान की गोपनीय बातचीत की पुष्टि की है. कतर के आतंकनिरोधी और संघर्ष समाधान में मध्यस्थता की भूमिका निभाने वाले विशेष दूत मुतलाक बिन मजीद अल कहतानी ने एक वर्चुअल इवेंट में बताया कि भारतीय अधिकारियों ने तालिबान से बातचीत के लिए खामोशी से दौरा किया है. उन्होंने कहा, हर देश का ये मानना नहीं है कि अफगानिस्तान से अमेरिकी सेना की वापसी के बाद तालिबान का ही वर्चस्व होगा लेकिन अफगानिस्तान के भविष्य में उसकी अहम भूमिका को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है.
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