
बिहार की राजनीति में नया गेमचेंजर, किसे डुबोएगी प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी, NDA, INDIA या दोनों?
AajTak
बिहार विधानसभा चुनाव से पहले प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी ने सियासी हलचल तेज कर दी है. सवाल ये है कि JSP सत्ता पक्ष NDA का खेल बिगाड़ेगी या विपक्षी INDIA ब्लॉक को कमजोर करेगी, या फिर दोनों के लिए मुसीबत बनेगी. शुरुआती सर्वे बताते हैं कि किशोर की पार्टी वोट-कटर की भूमिका निभा सकती है, जिससे बड़े गठबंधनों के समीकरण बदल जाएंगे. क्या ये पार्टी बिहार की सियासत में 2020 की LJP की तरह तीसरा ध्रुव बनकर उभरेगी?
बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर एक अहम सवाल उठ रहा है कि प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी (JSP) किसका वोट काटेगी? क्या ये एनडीए (NDA) के लिए नुकसानदेह साबित होगी, इंडिया ब्लॉक (INDIA) को कमजोर करेगी या फिर दोनों को एक साथ चोट पहुंचाएगी?
शुरुआती ओपिनियन पोल्स दिखाते हैं कि तेजस्वी यादव (RJD) और नीतीश कुमार (JDU) के बाद किशोर को लोग पसंदीदा सीएम चेहरा मानते हैं. लेकिन आम राय यही है कि JSP ज्यादा सीटें नहीं जीत पाएगी, बल्कि वोट-कटर की भूमिका निभाएगी. एक सीवोटर सर्वे के मुताबिक, 20% लोगों का मानना है कि ये NDA को नुकसान करेगी, 18% का कहना है कि INDIA ब्लॉक को, और 35% का मानना है कि दोनों को नुकसान होगा.
NDA की बी-टीम या RJD का विकल्प?
कुछ लोग JSP को बीजेपी की बी-टीम मानते हैं. किशोर ने लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव पर वंशवाद और विकास न देने का आरोप लगाया है, जो RJD से नाराज़ वोटरों को लुभा सकता है.
दूसरी ओर, कुछ लोगों का कहना है कि इसका असर NDA पर भी पड़ेगा. किशोर खुद ब्राह्मण हैं और ब्राह्मण NDA का मजबूत वोट बैंक है. किशोर ने नीतीश कुमार को बार-बार निशाना बनाया है और दावा किया है कि JDU की सीटें 25 से नीचे चली जाएंगी. उन्होंने नीतीश के शासन को “ब्यूरोक्रेटिक जंगलराज” कहा. JSP का शिक्षा, रोजगार और सुशासन पर जोर युवाओं को आकर्षित कर सकता है.

दिल्ली के शास्त्री पार्क इलाके से एक दुखद और गंभीर खबर आई है जहां एक 11 साल के बच्चे की हत्या हुई है. बच्चे की आंख और सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए हैं. जानकारी के अनुसार, पिता ने ही अपने पुत्र की हत्या की है और उसने घटना के बाद एक वीडियो बनाकर अपने परिवार को भेजा. इस घटना के बाद आरोपी फरार है और इस मामले की जांच जारी है.

स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के PRO ने दावा करते हुए कहा कि प्रयागराज प्रशासन के बड़े अधिकारी ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से सम्मान पूर्वक दोबारा स्नान कराने की कोशिश की है. जिसके बाद स्वामी अवमुक्तेश्वरानंद की तरफ से प्रशासन के लिखित में माफी मांगने, मारपीट करने वालो पर कार्रवाई और चारों शंकराचार्य के स्नान की मांग की गई.

दिल्ली में कांग्रेस द्वारा मनरेगा बचाओ आंदोलन तेज़ी से जारी है. 24 अकबर रोड स्थित कांग्रेस मुख्यालय के सामने बड़ी संख्या में कांग्रेस के नेता और कार्यकर्ता एकत्रित हुए हैं. यह विरोध प्रदर्शन मनरेगा कानून में किए जा रहे बदलावों के खिलाफ किया जा रहा है. मनरेगा योजना के तहत मजदूरों को रोजगार देने वाली इस योजना में बदलावों को लेकर कांग्रेस ने सरकार के खिलाफ अपनी नाराजगी जाहिर की है.










